
पौड़ी(आरएनएस)। पोखड़ा ब्लाक के बड़ीगाड़ में गुलदार की अभी भी दहशत बनी है। ग्राम सभा बगड़ीगाड़ के मटगल में फिर गुलदार दिखाई दिया है। शनिवार को मटगल में सुबह ही गुलदार ने एक भेंट पर हमला किया था। हालांकि वन विभाग गुलदार को ट्रैंक्यूलाइज करने में सफल नहीं हो पाया। घंडियाल गांव में पिंजरे में कैद गुलदार का डीएनए सैंपल वाइल्ड लाइफ इंस्टीट्यूट को भेजा गया है। रिपोर्ट के बाद ही गुलदार के विषय में यह पता चल सकेगा कि यह हमलावर था या नहीं। वहीं पौड़ी मुख्यालय के सटे गांव ढांढरी में गुलदार वन विभाग के ट्रैपिंग कैमरे में कैद हुआ है। जिले के मुख्यालय पौड़ी सहित पोखड़ा और श्रीनगर के पास गुलदार की दहशत बनी हुई है। गुलदार की दहशत की वजह से लोग इन दिनों शाम होते ही घरों में दुबक जा रहे हैं। मटगल गांव में गुलदार एक बार फिर दिखाई दिया। हालांकि वन विभाग की ट्रैक्यूलाइज गन के निशाने पर नहीं आ पाया। वहीं कैद गुलदार का डीएनए सैंपल भी वन विभाग ने लिया है। डोभाल ढंढरी में सक्रिय गुलदार को पकड़ने के लिए वन विभाग की टीमें यहां भी लगाई गई हैं। वहीं दूसरी तरफ कोटी गांव में भी गुलदार पर नजर रखने के लिए टीमें तैनात है। वन विभाग खेतों में घास काट रही महिलाओं को भी सुरक्षा दे रहा है। गढ़वाल वन प्रभाग के डीएफओ अभिमन्यु सिंह ने बताया कि पोखड़ा के बगड़ीगाड और मटगल में विभागीय टीम बनी हुई है। मटगल में ट्रैंक्यूलाइज टीम भी तैनात की गई है। एक पशु चिकित्सक की और भी तैनाती की जा रही है ताकि गुलदार को जल्दी से ट्रैक्यूलाइज करने में सफलता मिल जाए। ढंढरी गांव में गुलदार सक्रिय है और ट्रैपिंग कैमरे में आया है। इसी के अनुरूप अब गुलदार पर नजर रखी जा रही है। यहां पिंजरे भी लगाएं गए है। कोटी गांव में भी पिंजरे और कैमरा ट्रैप के साथ टीम ग्रामीणों की सुरक्षा के मद्देनजर तैनात की गई है। लोगों से अपील की जा रही है कि वह भी अपने स्तर से सतर्कता बनाएं । साथ ही इस दौरान स्कूली बच्चों की आवाजाही को लेकर विशेष निगरानी के लिए टीम के साथ ही अभिभावकों को कहा गया है।

