
विकासनगर(आरएनएस)। उत्तराखंड उच्च न्यायालय के निर्देशों के अनुपालन में साहिया क्षेत्र में एक बार फिर अतिक्रमण हटाने की तैयारी शुरू हो गई है। लोक निर्माण विभाग ने स्पष्ट किया है कि पूर्व में चिन्हित किए गए 164 अवैध अतिक्रमणों को हर हाल में ध्वस्त किया जाएगा। इसके लिए अतिक्रमणकारियों को अंतिम नोटिस थमा दिया गया है। लोक निर्माण विभाग की अधिशासी अभियंता रचना थपलियाल ने बताया कि कालसी-चकराता, साहिया-क्वानू, कालसी-बैराटखाई मोटर मार्ग तथा साहिया मुख्य बाजार क्षेत्र में कुल 164 अवैध अतिक्रमण चिन्हित किए गए थे। इन सभी स्थानों पर विभाग द्वारा पूर्व में लाल निशान भी लगाए गए थे। लोनिवि की अधिशासी अभियंता रचना थपलियाल ने बताया कि 22 नवंबर 2025 को भवन और दुकान स्वामियों को नोटिस जारी कर स्वयं अतिक्रमण हटाने का अवसर दिया गया था। इसके बाद दिसंबर 2025 में तहसील प्रशासन और लोक निर्माण विभाग की संयुक्त टीम ने अतिक्रमण हटाओ अभियान चलाया था। हालांकि उस समय कुछ दुकानदारों और भवन स्वामियों के विरोध तथा पुनः सर्वेक्षण की मांग के चलते कार्रवाई पूरी नहीं हो सकी थी। बताया कि छह माह बीत जाने के बाद भी अभियान अधूरा है, जिसे अब जून 2026 के अंत तक पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है। इसके लिए छूटे हुए सभी अवैध कब्जों का नए सिरे से सत्यापन और चिन्हांकन किया जाएगा। अधिशासी अभियंता कहा कि अतिक्रमणकारियों को अंतिम चेतावनी दी जा रही है कि वे खुद अपने अवैध निर्माण और कब्जे हटा लें। निर्धारित समय सीमा के बाद विभाग प्रशासन के सहयोग से अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई करेगा, जिसकी पूरी जिम्मेदारी संबंधित अतिक्रमणकारियों की होगी। प्रशासन की इस सख्ती के बाद साहिया बाजार और आसपास के क्षेत्रों में एक बार फिर अतिक्रमण हटाओ अभियान को लेकर चर्चाओं का दौर शुरू होने के साथ ही अतिक्रमणकारियों में हड़कंप मचा हुआ है।
