
उत्तरकाशी(आरएनएस)। सीएचसी नौगांव की स्वास्थ्य सेवाओं पर एक बार फिर सवाल खड़े हो गए हैं। प्रसव के लिए अस्पताल पहुंची मंजियाली गांव की गर्भवती महिला को रक्तचाप बढ़ा होने की बात कहकर उसे हायर सेंटर रेफर किया गया लेकिन महिला ने करीब 40 किलोमीटर दूर मरोड़ गांव के समीप यमुनोत्री हाईवे पर 108 एंबुलेंस में ही स्वस्थ बच्ची को जन्म दिया।जानकारी के अनुसार, मंजियाली गांव निवासी उग्रेस कुमार अपनी पत्नी रेखा को प्रसव के लिए सीएचसी नौगांव लेकर पहुंचे थे। ड्यूटी पर तैनात चिकित्सकों ने महिला का रक्तचाप बढ़ा होने की बात कहते हुए उसे हायर सेंटर रेफर कर दिया। रेफर किए जाने के बाद महिला को 108 एंबुलेंस से ले जाया जा रहा था। इसी दौरान रास्ते में प्रसव पीड़ा बढ़ने पर एंबुलेंस में तैनात आपातकालीन स्वास्थ्य तकनीशियन महेश कुमार ने सुरक्षित प्रसव कराया।
प्रसव के बाद जच्चा और बच्चा दोनों स्वस्थ बताए जा रहे हैं। महिला की पहले से दो बेटियां हैं। बाद में दोनों को नैनबाग स्थित अस्पताल में भर्ती कराया गया। घटना के बाद क्षेत्र में सीएचसी की स्वास्थ्य व्यवस्थाओं को लेकर चर्चा शुरू हो गई है। ग्रामीणों का कहना है कि अस्पताल पर मरीजों को रेफर किए जाने के आरोप पहले भी लगते रहे हैं। वहीं, सीएचसी नौगांव के चिकित्साधीक्षक डॉ. रोहित भंडारी ने बताया कि महिला का रास्ते में प्रसव होने की सूचना मिली है। उसे किन परिस्थितियों में और किस कारण से रेफर किया गया, इसकी जांच की जाएगी।


