
देहरादून। राज्य के राजकीय महाविद्यालयों और विश्वविद्यालय परिसरों में होने वाले छात्र संघ चुनावों में छात्राओं की भागीदारी बढ़ाने की तैयारी है। उच्च शिक्षा मंत्री डॉ. धन सिंह रावत ने छात्र संघ और छात्र परिषदों में छात्राओं को 50 फीसदी प्रतिनिधित्व देने के फैसले को जल्द लागू करने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने राज्य विश्वविद्यालयों के कुलपतियों को मौजूदा प्रतिनिधित्व ढांचे में संशोधन कर चुनाव की तिथियां शीघ्र घोषित करने को कहा है।
तीन दिन में शासन को भेजना होगा प्रस्ताव
उच्च शिक्षा मंत्री ने शासकीय आवास पर वर्चुअल माध्यम से उच्च शिक्षा विभाग की समीक्षा बैठक ली। बैठक में उन्होंने छात्राओं को 50 फीसदी प्रतिनिधित्व देने के निर्णय के क्रियान्वयन में देरी पर अधिकारियों से नाराजगी जताई। उन्होंने छात्र संघ और छात्र परिषदों में प्रतिनिधित्व सुनिश्चित करने के लिए तीन दिन के भीतर शासन को प्रस्ताव भेजने के निर्देश दिए।
65 फीसदी से अधिक छात्राएं अध्ययनरत
डॉ. रावत ने कहा कि राज्य विश्वविद्यालय परिसरों और संबद्ध महाविद्यालयों में 65 फीसदी से अधिक छात्राएं अध्ययनरत हैं। ऐसे में छात्र संघ और छात्र परिषदों में उनकी पर्याप्त भागीदारी जरूरी है। उन्होंने कहा कि 50 फीसदी प्रतिनिधित्व मिलने से छात्राओं को अपनी समस्याएं और सुझाव छात्र मंचों पर प्रभावी ढंग से रखने का अवसर मिलेगा। इससे छात्राओं का आत्मविश्वास बढ़ने के साथ उच्च शिक्षण संस्थानों में महिला नेतृत्व को भी बढ़ावा मिलेगा।
बैठक में दून विश्वविद्यालय की कुलपति प्रो. सुरेखा डंगवाल, सोबन सिंह जीना विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. एसएस बिष्ट, उत्तराखंड मुक्त विश्वविद्यालय एवं प्रभारी कुलपति कुमाऊं विश्वविद्यालय प्रो. नवीन चंद्र लोहनी, संस्कृत विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. रमाकांत पांडेय, श्रीदेव सुमन विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. अंबरीश महाजन, अपर सचिव उच्च शिक्षा मनुज गोयल, संयुक्त निदेशक उच्च शिक्षा प्रो. एएस उनियाल समेत अन्य अधिकारी मौजूद रहे।
17 सितंबर से चलेगा सेवा संकल्प अभियान
समीक्षा बैठक में उच्च शिक्षा मंत्री ने राज्य विश्वविद्यालयों और महाविद्यालयों में युवाओं को सेवा संकल्प अभियान से जोड़ने के निर्देश भी दिए। उन्होंने बताया कि 17 सितंबर से 17 अक्टूबर तक राजकीय और निजी उच्च शिक्षण संस्थानों में व्यापक स्तर पर अभियान चलाया जाएगा। इसमें राज्यपाल, मुख्यमंत्री, कैबिनेट मंत्री और विधायक भी प्रतिभाग करेंगे।
प्रतियोगिताओं और युवा संवाद पर रहेगा जोर
‘25 करोड़ बच्चों के सपनों का भारत’ कार्यक्रम के तहत शिक्षण संस्थानों में विकसित भारत के संकल्प पर भाषण, चित्रकला और निबंध प्रतियोगिताएं आयोजित की जाएंगी। युवा संवाद कार्यक्रम में एनसीसी, एनएसएस, रोवर रेंजर्स और मेधावी छात्र सेवा कार्यों से जुड़ी प्रेरक कहानियां साझा करेंगे।
अभियान के दौरान सेवा, वृक्षारोपण और स्वच्छता समेत विभिन्न गतिविधियां भी आयोजित होंगी। प्रतियोगिताओं के विजेताओं को पुरस्कृत किया जाएगा। मंत्री ने विभागीय अधिकारियों को अभियान से संबंधित सभी तैयारियां समय से पूरी करने के निर्देश दिए।


