
अल्मोड़ा। राष्ट्रीय लोक अदालत में समझौते के जरिए विवादों के त्वरित निस्तारण को लेकर लोगों को बड़ी राहत मिली। शनिवार को जनपद के न्यायालयों, बाह्य न्यायालयों और तहसील न्यायालयों में आयोजित राष्ट्रीय लोक अदालत में कुल 152 लंबित वादों और 154 बैंक प्री-लिटिगेशन मामलों समेत 306 मामलों का निस्तारण किया गया। लंबित वादों में कुल 1,66,64,904.82 रुपये और बैंक प्री-लिटिगेशन मामलों में 78,87,000 रुपये की समझौता राशि रही। राष्ट्रीय विधिक सेवा प्राधिकरण एवं उत्तराखंड राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण, नैनीताल के निर्देश पर आयोजित लोक अदालत के लिए जनपद के न्यायालयों में सात तथा बाह्य न्यायालयों के लिए दो बेंच गठित की गई थीं। बेंचों के समक्ष विभिन्न न्यायालयों से संबंधित लंबित वादों और प्री-लिटिगेशन मामलों को निस्तारण के लिए रखा गया। परिवार न्यायालय अल्मोड़ा की बेंच के समक्ष वैवाहिक एवं पारिवारिक विवादों से जुड़े 13 मामलों का सुलह-समझौते के आधार पर निस्तारण किया गया। इनमें कुल 3.70 लाख रुपये की समझौता राशि रही। वहीं जिला एवं सत्र न्यायाधीश और मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट न्यायालय से संबंधित मामलों का भी निस्तारण किया गया, जिनमें कुल 31,07,450 रुपये की समझौता राशि रही। सिविल जज (सीनियर डिवीजन) अल्मोड़ा की बेंच में न्यायालय से संबंधित लंबित मामलों के साथ बैंक के प्री-लिटिगेशन मामलों को रखा गया। न्यायालय से संबंधित मामलों में 24,13,737 रुपये और बैंक मामलों में 78,87,000 रुपये की समझौता राशि दर्ज की गई। सिविल जज (जूनियर डिवीजन)/न्यायिक मजिस्ट्रेट अल्मोड़ा की बेंच ने 13 मामलों का निस्तारण करते हुए 3,91,999.82 रुपये की समझौता राशि दर्ज की।न्यायिक मजिस्ट्रेट अल्मोड़ा की बेंच में 27 लंबित वादों का निस्तारण हुआ, जिनमें 12,61,650 रुपये की समझौता राशि रही। न्यायिक मजिस्ट्रेट रानीखेत की बेंच ने 10 मामलों का निस्तारण किया और इनमें 37,46,293 रुपये की समझौता राशि रही। वहीं न्यायिक मजिस्ट्रेट द्वाराहाट की बेंच ने 12 लंबित वादों का निस्तारण करते हुए 44,35,679 रुपये की समझौता राशि दर्ज की। लोक अदालत के माध्यम से मामलों के निस्तारण से पक्षकारों को लंबी न्यायिक प्रक्रिया से राहत मिली और आपसी सहमति से विवादों का समाधान संभव हुआ। अधिकारियों के अनुसार लोक अदालत का उद्देश्य सुलह-समझौते के माध्यम से मामलों का शीघ्र एवं सरल निस्तारण कर आम लोगों को न्याय सुलभ कराना है।

