
काशीपुर(आरएनएस)। विकासखंड सभागार में सोमवार को बीडीसी बैठक आयोजित की गई। मुख्य अतिथि नेता प्रतिपक्ष यशपाल आर्य ने अधिकारियों को विकास कार्यों में तेजी लाने के निर्देश दिए। वहीं अधिकारियों की अनुपस्थिति पर आर्य भड़क गए। बैठक के दौरान पेयजल और सिंचाई विभाग के सक्षम अधिकारियों की अनुपस्थिति पर नेता प्रतिपक्ष ने कड़ा रुख अपनाया। उन्होंने कहा कि बैठकों में जिम्मेदार अधिकारियों की उपस्थिति अनिवार्य है, ताकि जनप्रतिनिधियों को सही और तथ्यात्मक जानकारी मिल सके। उन्होंने निर्देश दिए कि भविष्य में केवल सक्षम अधिकारी ही बैठक में शामिल हों। ग्राम प्रधानों और क्षेत्र पंचायत सदस्यों ने अपने-अपने क्षेत्रों की समस्याएं उठाईं। विद्युत विभाग से संबंधित मुद्दों में कनौरी के प्रधान ने 11 हजार वोल्ट लाइन के टूटे खंभों की मरम्मत, जबकि बेरिया दौलत के प्रधान ने झूलते तारों को ठीक कराने की मांग की। पेयजल समस्याओं पर नेता प्रतिपक्ष ने उपजिलाधिकारी की अध्यक्षता में संयुक्त बैठक कर क्षतिग्रस्त सड़कों और पेयजल व्यवस्था के समाधान के निर्देश दिए। वहीं राजकीय इंटर कॉलेज बेरिया दौलत में प्रधानाचार्य की नियुक्ति, कनौरी में नए स्कूल भवन निर्माण और बरहैनी में टीकाकरण केंद्र की मरम्मत की मांग भी उठी। बरहैनी चौराहे पर मूर्ति स्थापना को लेकर लोक निर्माण विभाग से चर्चा की गई। जिला पंचायत राज अधिकारी विद्या सिंह सोमनाल ने 16वें वित्त आयोग से मिलने वाली धनराशि और ग्राम पंचायतों ने कर वसूली की जानकारी दी। उन्होंने जनप्रतिनिधियों से ग्रामीण क्षेत्रों में स्वच्छता को प्राथमिकता देने और उप-विधियां बनाकर कार्य करने की अपील की। ब्लॉक प्रमुख सुखमन औलख की अध्यक्षता में हुई बैठक में एसडीएम डॉ. अमृता शर्मा, जिला विकास अधिकारी सुशील मोहन डोभाल, बीडीओ शेखर जोशी, विधायक प्रतिनिधि जोरावर सिंह भुल्लर आदि रहे।

