
अल्मोड़ा। विश्व तंबाकू निषेध दिवस के अवसर पर रविवार को एक निजी होटल सभागार में आयोजित जागरूकता कार्यक्रम में तंबाकू सेवन से होने वाले दुष्प्रभावों और गंभीर बीमारियों के प्रति लोगों को जागरूक किया गया। कार्यक्रम को संबोधित करते हुए डॉ. जे.सी. दुर्गापाल ने कहा कि तंबाकू का सेवन व्यक्ति के स्वास्थ्य के लिए अत्यंत हानिकारक है। उन्होंने लोगों से स्वस्थ जीवन को अपनाने और तंबाकू उत्पादों से दूरी बनाए रखने की अपील करते हुए कहा कि जीवन और तंबाकू के बीच सही चयन करना आवश्यक है। उन्होंने बताया कि तंबाकू का उपयोग सिगरेट, बीड़ी, गुटखा, पान मसाला और अन्य रूपों में किया जाता है। इसमें हजारों रसायन पाए जाते हैं, जिनमें कई कैंसर उत्पन्न करने वाले होते हैं। उन्होंने कहा कि निकोटिन सबसे खतरनाक तत्वों में से एक है और तंबाकू सेवन से कैंसर, हृदय रोग, उच्च रक्तचाप, मोतियाबिंद तथा अन्य गंभीर बीमारियों का खतरा बढ़ जाता है। साथ ही धूम्रपान का प्रभाव केवल सेवन करने वाले व्यक्ति तक सीमित नहीं रहता, बल्कि उसके धुएं के संपर्क में आने वाले लोगों के स्वास्थ्य पर भी प्रतिकूल असर पड़ता है। डॉ. दुर्गापाल ने तंबाकू उत्पादों पर दी जाने वाली वैधानिक चेतावनियों को अधिक स्पष्ट और स्थानीय भाषा में प्रदर्शित किए जाने की आवश्यकता पर भी जोर दिया। उन्होंने जनजागरूकता के लिए सार्वजनिक स्थानों पर तंबाकू जनित रोगों से संबंधित प्रचार सामग्री लगाए जाने की बात कही। कार्यक्रम में सुंदर सिंह, भुवन, मनोज सनवाल, राघव पंत, डॉ. हर्षवर्धन पंत, देवेश पंत, श्याम बिष्ट, आशीष वर्मा, शंकर दत्त भट्ट, हेम जोशी, गोकुल रावत, लक्ष्मण सिंह ऐठानी, एम.सी. कांडपाल, चन्द्रमणि भट्ट, आनंद बगड़वाल, सभासद अमित साह (मोनू) सहित क्षेत्र के नागरिक और डे-केयर के सदस्य मौजूद रहे।
