
अल्मोड़ा। सड़क सुरक्षा सप्ताह के तहत पनुवानौला क्षेत्र में सड़क सुरक्षा जागरूकता कार्यक्रम और फर्स्ट रिस्पॉन्डर प्रशिक्षण कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में स्थानीय नागरिकों, वाहन चालकों और सीएलजी सदस्यों को सड़क सुरक्षा, दुर्घटना के दौरान प्राथमिक सहायता और साइबर सुरक्षा संबंधी महत्वपूर्ण जानकारियां दी गईं। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक चंद्रशेखर घोड़के के निर्देशन में चलाए जा रहे अभियान के तहत थानाध्यक्ष दन्या दिनेश नाथ महंत तथा चौकी प्रभारी जागेश्वर कमित जोशी ने कार्यक्रम में लोगों को दोपहिया वाहन चलाते समय हेलमेट पहनने, चारपहिया वाहन में सीट बेल्ट लगाने, यातायात संकेतों का पालन करने तथा वैध ड्राइविंग लाइसेंस के साथ ही वाहन चलाने के लिए जागरूक किया गया। साथ ही क्षेत्र में आने वाले पर्यटकों और बाहरी आगंतुकों के साथ सहयोगपूर्ण और शालीन व्यवहार करने की अपील भी की गई। पुलिस अधिकारियों ने गुड सेमेरिटन योजना की जानकारी देते हुए बताया कि सड़क दुर्घटना में घायल व्यक्तियों की सहायता करने वालों को कानूनी संरक्षण और अन्य सुविधाएं प्रदान की जाती हैं। लोगों को दुर्घटना पीड़ितों की मदद के लिए आगे आने के लिए प्रेरित किया गया। कार्यक्रम में परिवहन विभाग, स्वास्थ्य विभाग और एसडीआरएफ की टीमों ने भी भाग लिया। अधिकारियों और कर्मचारियों ने सड़क दुर्घटनाओं के दौरान प्राथमिक उपचार, आपदा प्रबंधन और त्वरित राहत कार्यों से जुड़े अपने अनुभव साझा किए तथा आमजन को आवश्यक सुझाव दिए। इसके अलावा साइबर अपराधों से बचाव, डिजिटल अरेस्ट, महिला एवं बाल सुरक्षा, नशे के दुष्प्रभाव, नए आपराधिक कानूनों और विभिन्न हेल्पलाइन नंबरों की जानकारी भी दी गई। उपस्थित लोगों को डायल-112, साइबर हेल्पलाइन 1930, मानस हेल्पलाइन 1933 और आपदा हेल्पलाइन 1070 के उपयोग के बारे में विस्तार से बताया गया।
