
चम्पावत(आरएनएस)। लोहाघाट और नगर के आसपास के क्षेत्रों में मास्टर प्लान और प्राधिकरण के मामले ने तूल पकड़ लिया है। लोगों ने मास्टर प्लान को प्राधिकरण के दायरे से बाहर करने को कहा है। हालांकि मास्टर प्लान को लेकर अभी तक आपत्ति दर्ज नहीं हुई है। लोहाघाट नगर के साथ कलीगांव, कोलीढेक, पाटन-पाटनी और सुंई पऊ के क्षेत्र को मास्टर प्लान में शामिल करने की योजना है। जिसके तहत प्रशासन ने 31 जुलाई तक आपत्तियां मांगी हैं। इसको लेकर डीएम मनीष कुमार की अध्यक्षता में बैठक भी हो चुकी है। जिसमें लोगों को मास्टर प्लान के बारे में बताया गया। बुधवार शाम को पालिका सभागार में हंगामेदार बैठक हुई। विधायक खुशाल अधिकारी ने कहा कि सरकार पहले लोहाघाट की नजूल भूमि को फ्रीहोल्ड करे। विधायक ने कहा कि लोगों की भावनाओं के अनुसार नया नियम लागू होना चाहिए। पालिकाध्या गोविंद वर्मा ने कहा कि मास्टर प्लान अलग ओर प्राधिकरण अलग मामला है। बताया कि अभी तक लिखित आपत्ति नहीं आई है। उन्होंने बताया कि डीएम से अंतिम तिथि आगे बढ़ाने की मांग की है।
इधर दर्जाधारी सुभाष बगौली ने कहा कि प्राधिकरण मास्टर प्लान 2041 से किसी का नुकसान नहीं होगा। कहा कि आपत्ति व सुझाव की तिथि बढ़ाई जाएगी। साथ ही नगर और चिन्हित ग्राम पंचायतों में बैठक कर योजना की जानकारी दी जाएगी।
