
विकासनगर(आरएनएस)। जौनसार बावर में बीते तीन साल से पन्नालाल सेटलमेंट के तहत मिलने वाली माफी की देवदार की लकड़ी नहीं मिलने पर प्रधान संगठन ने नाराजगी जताते हुए सोमवार को प्रशासन को ज्ञापन सौंपकर कार्रवाई की मांग की। प्रधानों ने बताया कि चकराता वन प्रभाग में स्थानीय लोगों को वर्षों से निजी कार्यों के लिए माफी की लकड़ी दी जाती है, लेकिन पिछले तीन साल से रवन्ना लोगों को नहीं दिया जा रहा है। कहना था कि इस संबंध में वन मंत्री सुबोध उनियाल को भी अवगत कराया गया था इसके बावजूद, वन विभाग की ओर से कोई कार्रवाई नहीं की गई। प्रधानों का कहना था कि माफी की लकड़ी नहीं मिलने से स्थानीय लोगों के निर्माण कार्य अटके हुए हैं। क्षेत्र की अधिकांश जनता गरीब तबके की है, जो निर्माण संबंधी लकड़ी का सामान बाजार से खरीदने में असमर्थ है। इसके साथ ही कई गांवों में मंदिर निर्माण भी लकड़ी के अभाव में रुके हुए हैं। सरपंचों की मांग पर डीएफओ अभिमन्यु ने कालसी ब्लॉक की दो खत हरिपुर व पंचगांव और चकराता ब्लॉक की छह खतों के ग्रामीणों को मिलने वाली माफी की लकड़ी का छपान करने के निर्देश दिए। ज्ञापन सौंपने वालों में प्रधान संगठन अध्यक्ष कालसी चरण सिंह चौहान, ममता चौहान, विपुल चौहान, अंकित, परम सिंह तोमर आदि शामिल रहे।


