
नई दिल्ली। भारतीय सेना को आधुनिक हथियारों से सशक्त बनाने की दिशा में बड़ा कदम उठाते हुए इजरायल की नेगेव लाइट मशीन गन की पहली खेप भारत पहुंच गई है। करीब 2000 अत्याधुनिक मशीन गनों की यह आपूर्ति ‘मेक इन इंडिया’ पहल के तहत टेक्नोलॉजी ट्रांसफर के माध्यम से की गई है।
इजरायल वेपन्स इंडस्ट्रीज और अडानी समूह के संयुक्त उपक्रम पीएलआर सिस्टम्स के जरिए इन हथियारों की डिलीवरी की गई है। यह कंपनी देश में छोटे हथियारों और गोला-बारूद के निर्माण में भी सक्रिय है।
नेगेव 7.62 मिमी लाइट मशीन गन को हल्का और अत्यधिक मारक हथियार माना जाता है, जिसका उपयोग इजरायली सेना भी करती है। यह सेमी-ऑटोमैटिक और फुली ऑटोमैटिक दोनों मोड में संचालित हो सकती है और मजबूत संरचनाओं को भेदने में सक्षम है। इसे थल सेना के वाहनों, वायुसेना के हेलीकॉप्टरों और नौसेना के प्लेटफॉर्म पर भी लगाया जा सकता है।
इस मशीन गन में आधुनिक निशानेबाजी तकनीक का उपयोग किया गया है, जिससे कम रोशनी में भी सटीक लक्ष्य साधा जा सकता है। नाटो मानकों के अनुरूप तैयार यह हथियार कठिन परिस्थितियों में भी प्रभावी ढंग से कार्य करने में सक्षम है।
भारत ने कुल 41 हजार मशीन गनों का ऑर्डर दिया है, जिसमें से पहली खेप प्राप्त हो चुकी है और वर्ष के अंत तक अन्य खेप भी मिलेंगी। इसके अलावा 1.70 लाख कार्बाइन की आपूर्ति का भी समझौता हुआ है, जिनमें से पहली खेप जल्द मिलने की उम्मीद है।

