
अल्मोड़ा। खाद्य एवं औषधि प्रशासन की ओर से लिए गए खाद्य पदार्थों के नमूने मानकों के अनुरूप नहीं पाए जाने पर न्याय निर्णायक अधिकारी एवं अपर जिला मजिस्ट्रेट युक्ता मिश्रा की अदालत ने संबंधित कंपनियों और खाद्य कारोबारियों पर कुल 11 लाख 7 हजार 500 रुपये का जुर्माना लगाया है।
जानकारी के अनुसार तत्कालीन खाद्य सुरक्षा अधिकारी अभय कुमार ने निरीक्षण के दौरान देव भूमि प्रीमियम बिस्कुट, रिफाइंड ऑयल और गुनगुन सॉल्ट के नमूने लिए थे। इन नमूनों की जांच राजकीय प्रयोगशाला रुद्रपुर में कराई गई, जहां इन्हें निर्धारित मानकों के अनुरूप नहीं पाया गया। इसके बाद संबंधित मामलों में न्याय निर्णायक अधिकारी एवं अपर जिला मजिस्ट्रेट के न्यायालय में वाद दायर किए गए।
अदालत ने देव भूमि प्रीमियम बिस्कुट की निर्माता कंपनी देव भूमि मल्टी प्रोडक्शन, हल्द्वानी पर 2 लाख रुपये का जुर्माना लगाया। रिफाइंड ऑयल के मामले में विक्रेता अजीत पवार, ऑफिसर्स कॉलोनी, अल्मोड़ा पर 1 लाख रुपये तथा निर्माता कंपनी अदानी विल्मर लिमिटेड, पूर्व मेदिनीपुर (पश्चिम बंगाल) पर 4 लाख रुपये का अर्थदंड लगाया गया।
इसी प्रकार गुनगुन सॉल्ट के मामले में द्वाराहाट निवासी विक्रेता कैलाश चंद्र पुरोहित पर 7,500 रुपये तथा निर्माता कंपनी जगन्नाथ केम फूड प्राइवेट लिमिटेड, नागौर (राजस्थान) पर 4 लाख रुपये का जुर्माना लगाया गया। इस प्रकार विभिन्न मामलों में संबंधित कंपनियों और कारोबारियों पर कुल 11 लाख 7 हजार 500 रुपये का अर्थदंड अधिरोपित किया गया।

