
अल्मोड़ा। खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन की कार्रवाई में मानकों के अनुरूप न पाए गए खाद्य उत्पादों के मामले में न्यायालय ने विभिन्न कंपनियों और कारोबारियों पर कुल 6 लाख 90 हजार रुपये का जुर्माना लगाया है। यह कार्रवाई सहायक आयुक्त एवं अभिहित अधिकारी अनिल कुमार मिश्रा की निगरानी में की गई। निरीक्षण के दौरान लिए गए नमूनों की जांच राजकीय प्रयोगशाला रुद्रपुर में कराई गई, जहां डाबर हनी, कैच मिर्च पाउडर, अनुपजी प्रीमियम रस्क और व्हाइट ओट्स सहित कई उत्पाद मानकों पर खरे नहीं पाए गए। इसके बाद संबंधित मामलों में न्याय निर्णायक अधिकारी एवं अपर जिला मजिस्ट्रेट के न्यायालय में वाद दायर किए गए।
निर्णय में डाबर हनी के विक्रेता पर 30 हजार रुपये और निर्माता कंपनी डाबर इंडिया लिमिटेड पर 4 लाख रुपये का जुर्माना लगाया गया। कैच मिर्च पाउडर के निर्माता डीएस स्पाइसको प्राइवेट लिमिटेड पर 50 हजार रुपये का दंड लगाया गया। इसी तरह अनुपजी प्रीमियम रस्क के विक्रेता पीकेएस फूड प्रोडक्ट्स, बागपत पर 40 हजार रुपये तथा निर्माता कंपनी लक्ष्मी फूड, मुजफ्फरनगर पर 80 हजार रुपये का जुर्माना लगाया गया। व्हाइट ओट्स के निर्माता श्री रामचंद्र रामशरण दास, दिल्ली पर 50 हजार रुपये का दंड लगाया गया। इसके अलावा द्वाराहाट के खाद्य कारोबारी दीपन सिंह बिष्ट को कालातीत खाद्य सामग्री बेचने के मामले में 40 हजार रुपये के जुर्माने से दंडित किया गया। प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि खाद्य सुरक्षा मानकों के उल्लंघन पर आगे भी सख्त कार्रवाई जारी रहेगी।

