
उत्तरकाशी (आरएनएस)। पेयजल बिलों की वसूली को लेकर जल संस्थान ने आम उपभोक्ताओं पर सख्ती दिखाते हुए कई कनेक्शन काट दिए हैं, लेकिन सरकारी विभागों पर लाखों रुपये बकाया होने के बावजूद उनसे वसूली नहीं हो पा रही है।
विभाग के अनुसार मार्च माह में बिल जमा नहीं करने वाले 47 उपभोक्ताओं के कनेक्शन विच्छेदित किए गए हैं। लंबे समय से बकाया रखने वाले उपभोक्ताओं को पहले नोटिस जारी किए गए थे, लेकिन भुगतान न करने पर कनेक्शन काटने की कार्रवाई की गई। विभाग ने स्पष्ट किया है कि बकाया जमा करने के बाद ही कनेक्शन दोबारा जोड़ा जाएगा।
जल संस्थान की टीमों द्वारा शहर और आसपास के क्षेत्रों में घर-घर जाकर वसूली अभियान चलाया जा रहा है। अधिशासी अभियंता एलसी रमोला ने बताया कि पिछले वर्षों की तुलना में वसूली में कुछ बढ़ोतरी हुई है और सरकारी विभागों को भी नोटिस भेजे गए हैं, जिनमें से कुछ ने भुगतान किया है।
इसके बावजूद कई सरकारी विभागों पर अभी भी भारी बकाया बना हुआ है। मुख्य चिकित्साधिकारी कार्यालय पर 12 लाख 86 हजार 51 रुपये, मुख्य विकास अधिकारी कार्यालय पर 8 लाख 39 हजार 102 रुपये, जिला पंचायत के एएमओ पर 7 लाख 55 हजार 736 रुपये, लोनिवि चिन्यालीसौड़ पर 6 लाख 43 हजार 699 रुपये, वन विभाग पर 6 लाख 12 हजार 531 रुपये और जिला अस्पताल के सीएमएस पर 5 लाख 93 हजार 127 रुपये बकाया है।
इसके अलावा लोनिवि उत्तरकाशी पर 4 लाख 8 हजार 835 रुपये, इंटरनेशनल सुलभ शौचालय पर 3 लाख 79 हजार 122 रुपये, लोनिवि भटवाड़ी पर 3 लाख 6 हजार 291 रुपये और जीएमवीएन प्रबंधक पर 2 लाख 69 हजार 660 रुपये का बकाया है।
स्थिति को लेकर सवाल उठ रहे हैं कि जहां आम उपभोक्ताओं के खिलाफ त्वरित कार्रवाई हो रही है, वहीं सरकारी विभागों से वसूली में अपेक्षित सख्ती नहीं दिख रही है।

