Skip to content

RNS INDIA NEWS

आपकी विश्वसनीय समाचार सेवा

Primary Menu
  • मुखपृष्ठ
  • अंतरराष्ट्रीय
  • राष्ट्रीय
  • राज्य
    • उत्तराखंड
      • अल्मोड़ा
      • उत्तरकाशी
      • ऊधम सिंह नगर
      • बागेश्वर
      • चम्पावत
      • नैनीताल
      • पिथौरागढ़
      • चमोली
      • देहरादून
      • पौड़ी
      • टिहरी
      • रुद्रप्रयाग
      • हरिद्वार
    • अरुणाचल
    • आंध्र प्रदेश
    • उत्तर प्रदेश
    • गुजरात
    • छत्तीसगढ़
    • हिमाचल प्रदेश
      • शिमला
      • सोलन
    • दिल्ली
    • बिहार
    • मध्य प्रदेश
    • मणिपुर
    • राजस्थान
    • त्रिपुरा
  • अर्थ जगत
    • बाजार
  • खेल
  • विविध
    • संस्कृति
    • न्यायालय
    • रहन-सहन
    • मनोरंजन
      • बॉलीवुड
  • Contact Us
  • About Us
  • PRIVACY POLICY
Light/Dark Button
Watch
  • Home
  • राज्य
  • उत्तराखंड
  • देहरादून
  • आढ़त बाजार क्षेत्र में कोई भी योजना आज तक परवान नहीं चढ़ पाई
  • देहरादून

आढ़त बाजार क्षेत्र में कोई भी योजना आज तक परवान नहीं चढ़ पाई

RNS INDIA NEWS 23/11/2021
default featured image

देहरादून। वर्तमान में शहर का सबसे बड़ा बाटलनेक आढ़त बाजार क्षेत्र में है। सड़क के इस चोक हिस्से को खोलने के लिए एक दशक से भी अधिक समय से कवायद चल रही है, मगर कोई भी योजना आज तक परवान नहीं चढ़ पाई। बीते साल फरवरी में स्मार्ट सिटी व एमडीडीए ने जरूर इस दिशा में एक बड़ा कदम उठाया था। तब स्मार्ट सिटी के सीईओ व एमडीडीए उपाध्यक्ष की कमान डा. आशीष श्रीवास्तव के पास थी। कोरोना संक्रमण के बाद चौड़ीकरण का कार्य प्राथमिकता से दूर हुआ तो अब भी इस दिशा में कुछ भी कवायद नजर नहीं आ रही।

पिछले साल प्रिंस चौक से सहारनपुर चौक के बीच के करीब 550 मीटर भाग को चौड़ा करने के लिए प्रस्ताव तैयार किया गया था। चौड़ीकरण के लिए तत्कालीन एमडीडीए उपाध्यक्ष व स्मार्ट सिटी सीईओ डा. आशीष श्रीवास्तव ने प्रदेश उद्योग व्यापार मंडल समिति के पदाधिकारियों के साथ बैठक कर सहमति बनाई थी, जिसमें व्यापारियों ने कहा था कि यदि उचित मुआवजा या छूट मिले व धार्मिक प्रतिष्ठानों का उचित ख्याल रखा जाए तो उन्हें कोई आपत्ति नहीं है। इसके बाद सड़क का सर्वे भी कराया गया था।

आढ़त बाजार में 13 मीटर ही मिली थी चौड़ाई
सर्वे में पता चला था कि आढ़त बाजार क्षेत्र में सड़क की चौड़ाई सबसे कम है। यहां पर अधिकतम चौड़ाई 13 मीटर पाई गई थी और शेष जगह अधिकतम चौड़ाई 20 मीटर तक थी।

12-12 मीटर चौड़ी करनी थी दोनों लेन
योजना के मुताबिक प्रिंस चौक से लेकर सहारनपुर चौक तक सड़क की दोनों लेन को 12-12 मीटर चौड़ा किया जाना था। चौड़ीकरण के लिए प्रारंभिक चरण में गुरुद्वारा क्षेत्र के 11 आढ़तियों की जमीन का अधिग्रहण किया जाना था। वहीं, कुल 50 भवन चौड़ीकरण की जद में आ रहे थे। हालांकि, कोरोना संक्रमण शुरू होने के बाद से अब तक योजना की दिशा में काम नहीं किया जा सका।

मुआवजा व अतिरिक्त मंजिल का दिया था विकल्प
चौड़ीकरण योजना में तय किया गया था कि जमीन अधिग्रहण के बाद जो व्यापारी व अन्य व्यक्ति मुआवजा चाहते हैं, उन्हें उचित राशि प्रदान की जाएगी। वहीं, मुआवजे न लेने की दशा में तय किया गया था कि शेष जमीन पर जितनी मंजिल बनाई जा सकती है, वहां एक मंजिल अतिरिक्त निर्माण की छूट दी जाएगी।

शेयर करें..

Post navigation

Previous: इस्तेमाल हो चुके बारूद से बड़े धमाके की उम्मीद नहीं की जा सकती: हरक सिंह
Next: उत्तराखंड में बिजली उत्पादन कुल मांग के मुकाबले अधिक, फिर भी किल्‍लत

Related Post

default featured image
  • देहरादून

मार्शल आर्ट में उत्तराखंड का भविष्य उज्जवल : रेखा आर्या

RNS INDIA NEWS 31/01/2026 0
default featured image
  • देहरादून

कार रेंटल सेंटर पर छापा, निजी वाहनों की चाबियां जब्त

RNS INDIA NEWS 31/01/2026 0
default featured image
  • देहरादून

रणजी ट्रॉफी के अहम मुकाबले में उत्तराखंड की जीत पक्की

RNS INDIA NEWS 31/01/2026 0

Your browser does not support the video tag.

यहाँ खोजें

Quick Links

  • About Us
  • Contact Us
  • PRIVACY POLICY

ताजा खबर

  • राशिफल 01 फरवरी
  • बाड़ेछीना के पास सड़क हादसा, स्कूटी सवार युवक की मौके पर मौत
  • ज्योतिर्मठ में ध्वस्त होंगे भू धंसाव के समय जर्जर हुए 55 भवन, टेक्निकल टीम ने किया सर्वे
  • यूजीसी नियमों के विरोध में राष्ट्रपति को भेजा ज्ञापन
  • मार्शल आर्ट में उत्तराखंड का भविष्य उज्जवल : रेखा आर्या
  • कार रेंटल सेंटर पर छापा, निजी वाहनों की चाबियां जब्त

Copyright © rnsindianews.com | MoreNews by AF themes.