Skip to content

RNS INDIA NEWS

आपकी विश्वसनीय समाचार सेवा

Primary Menu
  • मुखपृष्ठ
  • अंतरराष्ट्रीय
  • राष्ट्रीय
  • राज्य
    • उत्तराखंड
      • अल्मोड़ा
      • उत्तरकाशी
      • ऊधम सिंह नगर
      • बागेश्वर
      • चम्पावत
      • नैनीताल
      • पिथौरागढ़
      • चमोली
      • देहरादून
      • पौड़ी
      • टिहरी
      • रुद्रप्रयाग
      • हरिद्वार
    • अरुणाचल
    • आंध्र प्रदेश
    • उत्तर प्रदेश
    • गुजरात
    • छत्तीसगढ़
    • हिमाचल प्रदेश
      • शिमला
      • सोलन
    • दिल्ली
    • बिहार
    • मध्य प्रदेश
    • मणिपुर
    • राजस्थान
    • त्रिपुरा
  • अर्थ जगत
    • बाजार
  • खेल
  • विविध
    • संस्कृति
    • न्यायालय
    • रहन-सहन
    • मनोरंजन
      • बॉलीवुड
  • Contact Us
  • About Us
  • PRIVACY POLICY
Light/Dark Button
Watch
  • Home
  • राष्ट्रीय
  • सुप्रीम कोर्ट के जज के आवास पर तैनात पूरा स्टाफ कोरोना पॉजिटिव
  • राष्ट्रीय

सुप्रीम कोर्ट के जज के आवास पर तैनात पूरा स्टाफ कोरोना पॉजिटिव

RNS INDIA NEWS 16/04/2021
rns featured image new

नई दिल्ली, (आरएनएस)। भारत में कोरोना वायरस का कहर अब खतरनाक रूप ले रहा है। सुप्रीम कोर्ट (उच्चतम न्यायालय) के जस्टिस एम आर शाह के आवास के स्टाफ के सभी सदस्य कोरोना वायरस से संक्रमित पाए गए हैं। न्यायाधीश ने गुरुवार को एक मामले की सुनवाई के दौरान यह जानकारी दी।
न्यायमूर्ति शाह, न्यायमूर्ति डी वाई चंद्रचूड़ की अध्यक्षता वाली पीठ में शामिल थे। उन्होंने वकीलों को बताया कि उनके आधिकारिक आवास पर सभी कर्मचारी कोरोना वायरस से संक्रमित पाए गए हैं। इसके बाद पीठ ने कामकाज रोक दिया। दोपहर दो बजे पीठ दोबारा बैठेगी। अतिरिक्त सॉलिसिटर जनरल ऐश्वर्य भाटी ने ने कहा कि अदालत को इस परिस्थिति में समय लेना चाहिये। बीते कुछ दिन में उच्चतम न्यायालय के 40 से अधिक कर्मचारी कोरोना वायरस से संक्रमित पाए गए हैं। बता दें कि सुप्रीम कोर्ट ने एक गाइडलाइन जारी की है, जिसमें कहा गया है कि अगर अदालत परिसर में आने वाले किसी भी व्यक्ति को कोरोना के लक्षण हैं तो आरटी-पीसीआर टेस्ट जरूरी है। इतना ही नहीं, सुप्रीम कोर्ट में आने वाले सभी जजों, कर्मचारियों, वकीलों, वकीलों के स्टाफ को कोविड टेस्ट कराकर ही दाखिल होना होगा। सुप्रीम कोर्ट ने एक सर्कुलर में कहा कि जिन लोगों को बुखार, बदन दर्द और गंध की कमी जैसे लक्षण दिखाई दे रहे हैं, उन्हें कोर्ट नहीं आना चाहिए और खुद को घर में आइसोलेट कर लेना चाहिए। अगर किसी स्टाफ या वकील को कोई लक्षण दिखता है, तो उन्हें आरटटीपीसीआर या एंटीजेनट टेस्ट कराना चाहिए। बता दें कि आरटी-पीसीआर टेस्ट को सबसे ज्यादा विश्वसनीय माना जाता है। देश में बढ़ते कोरोना वायरस के मद्देनजर और जिस रफ्तार से सुप्रीम कोर्ट के स्टाफ भी संक्रमित हो रहे हैं, देखते हुए कोर्ट ने नया गाइडलाइन जारी किया है। पिछले शनिवार को 99 में से 44 कोर्ट के कर्मचारी कोरोना पॉजिटिव पाए गए थे। इनमें कुछ जज भी शामिल थे। यही वजह है कि अब सुप्रीम कोर्ट में भी वर्चुअल सुनवाई हो रही है।

शेयर करें..

Post navigation

Previous: मई तक भारत आएगी रूस की स्पुतनिक वी वैक्सीन
Next: कोरोना संकट के बीच केंद्र सरकार ला सकती है नया राहत पैकेज

Related Post

rns featured image new
  • राष्ट्रीय

पश्चिम बंगाल सरकार की बड़ी घोषणाएं; महिलाओं को हर महीने मिलेंगे 3 हजार रुपये, पांच रुपये में मछली-चावल

RNS INDIA NEWS 27/05/2026 0
rns featured image new
  • राष्ट्रीय

सनकी पति ने पत्नी और 3 मासूम बच्चों को उतारा मौत के घाट, खुद को भी किया लहूलुहान; हैरान कर देगी वजह

RNS INDIA NEWS 19/05/2026 0
SupremeCourtofIndia (1)_11zon
  • न्यायालय
  • राष्ट्रीय

सार्वजनिक जगहों से हटाए जाएंगे आवारा कुत्ते, सुप्रीम कोर्ट ने अपना पुराना आदेश रखा बरकरार

RNS INDIA NEWS 19/05/2026 0

यहाँ खोजें

Quick Links

  • About Us
  • Contact Us
  • PRIVACY POLICY

ताजा खबर

  • एचपीवी टीकाकरण अभियान में राज्य में अल्मोड़ा जिला प्रथम
  • ‘नीति एक्सट्रीम अल्ट्रा रन’ सीमांत क्षेत्रों में नए विश्वास, पर्यटन और रोजगार का बनेगा माध्यम- मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी
  • मुख्यमंत्री ने 276 नवचयनित अभ्यर्थियों को बांटे नियुक्ति पत्र
  • मोदी सरकार के 12 वर्ष पूर्ण होने पर भाजपा चलाएगी विशेष जनसंपर्क अभियान
  • राशिफल 01 जून
  • घरेलू हिंसा के मामले की सुनवाई को पंहुची महिला से पति ने की अभद्रता
Copyright © rnsindianews.com | MoreNews by AF themes.