
हल्द्वानी(आरएनएस)। जगदम्बानगर स्थित सैनिक मिलन केंद्र में कुमाऊं रेजिमेंट के वीर जवान नायक खेम चंद्र डोर्बी सेना मेडल को भावभीनी श्रद्धांजलि दी गई। कार्यक्रम में पूर्व सैनिकों, वीर नारियों और सैन्य परिवारों ने शहीद के चित्र पर श्रद्धासुमन अर्पित कर उनके अदम्य साहस, कर्तव्यनिष्ठा और राष्ट्रसेवा को नमन किया। जिला पूर्व सैनिक लीग के अध्यक्ष लेफ्टिनेंट कर्नल बीएस रौतेला सेवानिवृत्त ने शहीद के जीवन पर प्रकाश डालते हुए बताया कि नायक खेम चंद्र मूल रूप से बेतालघाट के चन्द्रकोट के निवासी थे। वर्ष 1996 में 12वीं की पढ़ाई पूरी करने के बाद वे भारतीय सेना की कुमाऊं रेजिमेंट में शामिल हुए।प्रशिक्षण के बाद उन्हें 20 कुमाऊं और वर्ष 2014 में 50 राष्ट्रीय राइफल्स में तैनाती मिली। सितंबर 2014 में कश्मीर घाटी में आई भीषण बाढ़ के दौरान नायक खेम चंद्र को काकापुर और शंभूरा गांवों के लोगों को सुरक्षित निकालने की जिम्मेदारी मिली। 5-6 सितंबर 2014 की मध्यरात्रि करीब 12:30 बजे ग्रामीणों के एक समूह को सुरक्षित निकालने के बाद वे दोबारा अन्य लोगों की जान बचाने के लिए गांव की ओर जा रहे थे। तभी झेलम नदी का जलस्तर अचानक बढ़ने से नाव असंतुलित हो गई और इस हादसे में वे वीरगति को प्राप्त हो गए। लेफ्टिनेंट कर्नल एचएस महरा, मेजर केएस महरा, कैप्टन मदन सिंह राठौर, सूबेदार मेजर एस कन्याल, दीवान सिंह राठौर, देवेंद्र दफौटी, पदमा नेगी, विमला देवी, शांति हरबोला, बच्ची देवी, अनिता कुमारी, बीना अधिकारी, बीना बोरा, लीला देवी, रमा भंडारी आदि मौजूद रहे।

