
रुड़की। मंगलौर क्षेत्र में 13 वर्षीय किशोरी की हत्या कर उसका शव गंगनहर में फेंकने के सनसनीखेज मामले का पुलिस ने खुलासा करते हुए मृतका के पिता और उसके साथी को गिरफ्तार किया है। पुलिस के अनुसार पिता को बेटी के किसी से बातचीत करने का शक था, जिसके चलते उसने अपने साथी के साथ मिलकर वारदात को अंजाम दिया। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से 315 बोर का अवैध तमंचा और घटना में प्रयुक्त बाइक बरामद की है। किशोरी के शव की तलाश गंगनहर में जारी है।
पुलिस के अनुसार 21 अगस्त को मंगलौर कोतवाली क्षेत्र की एक महिला ने अपने पति धनेश्वर उर्फ तोता और उसके साथी आशीष उर्फ धोल्ला के खिलाफ 13 वर्षीय बेटी को घर से ले जाकर वापस नहीं लाने की शिकायत दर्ज कराई थी। महिला ने दोनों पर गाली-गलौज और जान से मारने की धमकी देने का भी आरोप लगाया था। शिकायत के आधार पर पुलिस ने अपहरण का मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू की।
जांच के दौरान पुलिस ने किशोरी की तलाश के साथ दोनों आरोपियों की गतिविधियों पर भी नजर रखी। सुराग मिलने पर 22 अगस्त को दोनों को गिरफ्तार कर पूछताछ की गई। पूछताछ में धनेश्वर ने स्वीकार किया कि उसे अपनी बेटी के किसी से बातचीत करने का संदेह था। समझाने के बावजूद बात न मानने पर उसने अपने साथी के साथ मिलकर हत्या की योजना बनाई।
पुलिस के मुताबिक 27 जुलाई को दोनों आरोपी किशोरी को बाइक पर बैठाकर माता मंदिर के पास पुल पर ले गए, जहां कथित तौर पर उसकी कमीज से गला घोंटकर हत्या कर दी। इसके बाद शव को गंगनहर में फेंककर फरार हो गए। पुलिस ने घटना में प्रयुक्त बाइक और आरोपी के कब्जे से 315 बोर का अवैध तमंचा भी बरामद किया है।
पुलिस ने बताया कि आरोपी धनेश्वर उर्फ तोता के खिलाफ पहले से भी कई आपराधिक मुकदमे दर्ज हैं। दोनों आरोपियों का न्यायालय में चालान कर दिया गया है, जबकि किशोरी के शव की तलाश के लिए गंगनहर में अभियान जारी है।

