
सिर पर कर्ज तो छापने लगा नकली नोट
रुडक़ी। पुलिस ने नकली नोट छापने वाले सिंचाई विभाग के चतुर्थ श्रेणी कर्मचारी को 25 हजार रुपये के नकली नोट के साथ गिरफ्तार किया है। आरोपित की निशानदेही पर नकली नोट छापने में प्रयुक्त होने वाले प्रिटर और स्केनर बरामद किया गया है। आरोपित ने बताया कि अब तक वह बाजार में करीब 10 हजार रुपये के नकली नोट चला चुका है। सिविल लाइंस कोतवाली पुलिस को सोमवार को सूचना मिली थी कि एक व्यक्ति सोलानी पार्क में किसी को नकली नोट बेचने के लिए आया है। सूचना पर सिविल लाइंस कोतवाली के वरिष्ठ उप निरीक्षक प्रदीप कुमार और उप निरीक्षक अंकुर शर्मा ने पुलिस टीम के साथ मौके पर छापेमारी की। पुलिस को देखते ही आरोपित वहां से भागने लगा। पुलिस ने पीछा कर कुछ ही दूरी पर उसे दबोच लिया। पुलिस ने उसकी तलाशी ली तो उसके कब्जे से 20 हजार पांच सौ रुपये के नकली नोट बरामद हुए। सभी नकली नोट दो-दो सौ और पांच सौ के है। पुलिस ने पूछताछ की तो उसने अपना नाम मुख्तयार निवासी सलेमपुर महदूद, कोतवाली रानीपुर बताया। आरोपित ने बताया कि उस पर कुछ कर्ज हो गया था। उसने बताया कि करीब एक माह से नकली नोट छापने का काम शुरू किया था। आरोपित ने बताया कि वह बहादराबाद स्थित सिचाई विभाग में चतुर्थ श्रेणी का कर्मचारी है। बताया कि वह घर में ही रुपये छापता था। पुलिस ने उसकी निशानदेही पर उसके घर से पांच हजार के नकली नोट और स्केनर प्रिटर बरामद कर लिया। वरिष्ठ उप निरीक्षक प्रदीप कुमार ने बताया कि आरोपित पर मुकदमा दर्ज किया गया है।
किसी से मांग कर लाया था प्रिटर स्केनर
पुलिस ने आरोपित से पूछताछ की तो पहले वह पुलिस को ही घुमाता रहा। आरोपित ने पुलिस को बताया कि वह किसी से नोट लेकर आया है। जब उस व्यक्ति का नाम पूछा गया तो वह गलत नाम बताने लगा। पुलिस ने जब सख्ती दिखाई तो उसने सच उगल दिया। उसने बताया कि वह खुद ही नोट छापता था। वह यह प्रिटर स्केनर किसी से यह कहकर मांग कर लाया था कि उसे कुछ जरूरी कागजातों की फोटो स्टेट करनी है।
सिर पर कर्ज तो छापने लगा नकली नोट
आरोपित ने पुलिस को बताया कि उसके सिर पर काफी कर्ज हो गया था। इसलिए उसने नकली नोट छापने का काम शुरू किया था। नकली नोट छापने का तरीका कहा सीखा, इस बावत पुलिस उससे कुछ नहीं उगलवा सकी। वरिष्ठ उप निरीक्षक प्रदीप कुमार ने बताया कि आरोपित इस बावत कोई जानकारी नहीं दे सका।

