
बागेश्वर। होली पर्व के बाद सरकारी कार्यालयों में कर्मचारियों की लापरवाही सामने आई है। शुक्रवार को मुख्य विकास अधिकारी ने विभिन्न विभागों के कार्यालयों का औचक निरीक्षण किया, जिसमें 30 कार्यालयों में कुल 34 कर्मचारी अनुपस्थित पाए गए। इस पर मुख्य विकास अधिकारी ने कड़ी नाराजगी जताते हुए अनुपस्थित कर्मचारियों का वेतन रोकने और उनसे स्पष्टीकरण लेने के निर्देश दिए।
निरीक्षण की शुरुआत अर्थ एवं संख्या अधिकारी कार्यालय से की गई, जहां सभी कर्मचारी उपस्थित मिले। इसके बाद जीआईएस सेल, बहुद्देशीय वित्त, कृषि, उद्यान, कृषि एवं भूमि संरक्षण, पंचस्थानी, बाल विकास, पशुपालन, पीआरडी, डेयरी, रीप परियोजना, उरेडा, मत्स्य, जिला पंचायत राज, ग्रामीण विकास विभाग, ब्लॉक कार्यालय बागेश्वर, लघु सिंचाई, सिंचाई उपखंड, लोक निर्माण विभाग, जल संस्थान, पीएमजीएसवाई, मुख्य शिक्षा अधिकारी कार्यालय, जिला शिक्षा अधिकारी कार्यालय और समग्र शिक्षा कार्यालय का निरीक्षण किया गया।
निरीक्षण के दौरान सबसे अधिक आठ कर्मचारी लोक निर्माण विभाग से अनुपस्थित मिले। इसके अलावा लघु सिंचाई में छह, जीआईएस सेल में एक, बहुद्देशीय वित्त में दो, कृषि में दो, बाल विकास में एक, मत्स्य में दो, सिंचाई उपखंड में दो, सिंचाई खंड में दो, जल संस्थान में एक, पीएमजीएसवाई में तीन, मुख्य शिक्षा अधिकारी कार्यालय में एक, जिला शिक्षा अधिकारी कार्यालय में एक तथा समग्र शिक्षा कार्यालय में दो कर्मचारी अनुपस्थित पाए गए।
मुख्य विकास अधिकारी ने इसे अनुशासनहीनता बताते हुए संबंधित कर्मचारियों का वेतन रोकने और स्पष्टीकरण लेने के निर्देश दिए हैं। निरीक्षण के बाद संबंधित विभागों के कर्मचारियों में हड़कंप की स्थिति बनी रही।

