
अल्मोड़ा। इनाकोट में आयोजित क्षेत्रीय संसाधन पंचायत की बैठक में प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र ताकुला में सफाई कर्मी की नियुक्ति, पशु चिकित्सा उप केंद्र पोखरी और चौपाता में नए अधिकारियों की तैनाती होने तक पशु चिकित्सा शिविर लगाने, जंगली जानवरों से फसल नुकसान पर मुआवजा बढ़ाने तथा जर्जर विद्युत पोलों को दुरुस्त करने की मांग उठाई गई। बैठक में बसौली-ताकुला क्षेत्र में केंद्रीय विद्यालय स्थापित करने की मांग भी की गई। वक्ताओं ने कहा कि प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र ताकुला के उच्चीकरण की मुख्यमंत्री द्वारा की गई घोषणा के बावजूद अब तक उस पर अमल नहीं हो पाया है। अस्पताल में सफाई कर्मी का पद रिक्त होने से मरीजों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। बैठक में कहा गया कि चौपाता और पोखरी स्थित पशु चिकित्सा उप केंद्र लंबे समय से बंद पड़े हैं, जिससे पशुपालकों को दिक्कतें झेलनी पड़ रही हैं। ग्रामीण क्षेत्रों में तिरछे और जर्जर हो चुके विद्युत पोल दुर्घटना का खतरा बने हुए हैं। वक्ताओं ने जंगली जानवरों द्वारा फसलों को पहुंचाए जा रहे नुकसान पर चिंता जताते हुए कहा कि मुआवजा राशि बहुत कम है और उसका भुगतान भी समय पर नहीं हो पाता। बैठक में तय किया गया कि समस्याओं के समाधान को लेकर जल्द ही एक शिष्टमंडल संबंधित विभागीय अधिकारियों से मुलाकात करेगा। साथ ही बढ़ती वनाग्नि की घटनाओं पर चिंता व्यक्त करते हुए ग्रामीणों को जागरूक करने का निर्णय लिया गया। बैठक में नौ ग्राम पंचायतों के पदाधिकारियों ने भाग लिया। इस दौरान ईश्वर जोशी, पुष्पा बिष्ट, दीपा भाकुनी, उषा बिष्ट, रेनू आर्या, शीला देवी, किरन भाकुनी, दया पांडे, चंदन सिंह बिष्ट, दीप्ति भोजक, यमुना देवी, तारा तिवारी, अशोक भोज और पूजा बोरा सहित अन्य लोगों ने विचार रखे। बैठक की अध्यक्षता क्षेत्रीय संसाधन पंचायत की अध्यक्ष पूजा बिष्ट ने की, जबकि संचालन महासचिव निर्मल नयाल ने किया।


