

गैरसैंण। भराड़ीसैंण स्थित उत्तराखंड विधानसभा परिसर में मंगलवार को सत्र के दौरान सदन के बाहर विभिन्न संगठनों के प्रदर्शनों से माहौल गरमा गया। कांग्रेस, उत्तराखंड क्रांति दल (यूकेडी), स्वराज सेवा दल और प्रधान संघ से जुड़े प्रदर्शनकारियों ने अपनी मांगों को लेकर प्रदर्शन किया। विधानसभा की ओर बढ़ने और बैरिकेडिंग पार करने की कोशिश के दौरान पुलिस ने वाटर कैनन का इस्तेमाल किया। कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष गणेश गोदियाल और पूर्व कैबिनेट मंत्री हरक सिंह रावत समेत कई कांग्रेस नेताओं को गिरफ्तार किया गया।
दिवालीखाल और जंगलचट्टी क्षेत्र में प्रदर्शनकारियों की भीड़ जुटने के बाद पुलिस ने सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी। प्रदर्शनकारियों ने बैरिकेडिंग पर चढ़कर आगे बढ़ने का प्रयास किया। कांग्रेस नेता करण माहरा समेत कई कार्यकर्ता बैरियर पर चढ़ गए, जिन्हें पुलिस ने पीछे धकेलकर रोकने की कोशिश की। इस दौरान प्रदर्शनकारियों और पुलिस के बीच तनाव की स्थिति बनी रही। जंगलचट्टी में प्रदर्शनकारियों को रोकने के लिए पुलिस ने दूसरी बार वाटर कैनन का इस्तेमाल किया, लेकिन प्रदर्शनकारी बैरिकेडिंग के पास डटे रहे।
यूकेडी कार्यकर्ताओं ने राजधानी गैरसैंण बनाने की मांग को लेकर नारेबाजी की। दुगथम्बा बैरियर पर पहुंचे युवा कार्यकर्ताओं ने ‘जय पहाड़, जय पहाड़ी’ के नारे लगाए। यूकेडी नेता आशीष नेगी भी प्रदर्शन स्थल पर पहुंचे। वहीं, दिवालीखाल में प्रधान संघ के सदस्य भी प्रदर्शन कर रहे थे, जिन्हें पुलिस ने बस में बैठाकर हिरासत में लिया। विभिन्न संगठनों के प्रदर्शन के चलते विधानसभा परिसर के आसपास सुरक्षा व्यवस्था कड़ी रखी गई।
कांग्रेस नेताओं की गिरफ्तारी के बाद राजनीतिक माहौल और गरमा गया। कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने बैरिकेडिंग के पास पहुंचकर विरोध जताया और विधानसभा की ओर बढ़ने का प्रयास किया। पुलिस ने प्रदर्शनकारियों को परिसर तक पहुंचने से रोकने के लिए मोर्चा संभाले रखा। उपलब्ध जानकारी के अनुसार, गिरफ्तार किए गए सभी नेताओं की पूरी सूची और हिरासत के बाद की स्थिति का विस्तृत ब्योरा सामने नहीं आया है।
विधानसभा के भीतर मंगलवार को दिवंगत पूर्व मुख्यमंत्री मेजर जनरल बीसी खंडूड़ी और वरिष्ठ नेता हीरा सिंह बिष्ट को श्रद्धांजलि दी गई। सदन में विभिन्न दलों के नेताओं और मंत्रियों ने दोनों के सार्वजनिक जीवन तथा योगदान को याद किया। नेता प्रतिपक्ष यशपाल आर्य ने बीसी खंडूड़ी के राजनीतिक जीवन और सुशासन, प्रशासनिक अनुशासन एवं पारदर्शिता के क्षेत्र में उनके योगदान का उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि खंडूड़ी का राजनीतिक जीवन पांच दशक से अधिक समय तक फैला रहा और उन्होंने अपने कार्यों से उत्तराखंड की राजनीति में विशिष्ट पहचान बनाई। आर्य ने स्वर्णिम चतुर्भुज परियोजना को आगे बढ़ाने में भी उनकी भूमिका को महत्वपूर्ण बताया।
कैबिनेट मंत्री सतपाल महाराज ने खंडूड़ी की समय की पाबंदी और कार्यशैली को याद किया। उन्होंने कहा कि खंडूड़ी निर्धारित कार्यक्रमों को लेकर बेहद अनुशासित रहते थे और पर्वतीय क्षेत्रों में सड़क संपर्क को महत्वपूर्ण मानते थे। सड़क निर्माण के प्रति उनकी प्रतिबद्धता के कारण उन्हें ‘रोड मैन’ के नाम से भी जाना जाता था। विधायक अरविंद पांडेय, उपनेता प्रतिपक्ष भुवन कापड़ी, बंशीधर भगत और मंत्री रेखा आर्या ने भी दोनों दिवंगत नेताओं को श्रद्धांजलि दी।
विधानसभा सत्र के दौरान मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि सरकार के बजट में प्रदेश के सर्वांगीण विकास के लिए प्रावधान किए गए हैं और कुछ नई योजनाओं को भी शामिल किया गया है। उन्होंने नवाचार पर ध्यान देने तथा मौजूदा योजनाओं को गति देने की बात कही। विपक्ष के प्रदर्शन पर प्रतिक्रिया देते हुए मुख्यमंत्री ने सकारात्मक दृष्टिकोण अपनाने की अपील की और कहा कि महत्वपूर्ण कार्य विधानसभा के भीतर किए जाएंगे।
भराड़ीसैंण में हुए घटनाक्रम के दौरान जहां कांग्रेस ने सरकार के खिलाफ प्रदर्शन किया, वहीं यूकेडी ने राजधानी गैरसैंण की मांग को प्रमुखता से उठाया और प्रधान संघ के सदस्यों ने भी अपनी मांगों को लेकर प्रदर्शन किया। पुलिस की ओर से बैरिकेडिंग, वाटर कैनन के इस्तेमाल और प्रदर्शनकारियों को हिरासत में लेने की कार्रवाई के बीच विधानसभा के भीतर श्रद्धांजलि कार्यक्रम और बजट संबंधी चर्चा जारी रही।



