
अल्मोड़ा। जनपद के 11 विकासखंडों में अब आयुर्वेदिक चिकित्सा सेवाओं के साथ पैथोलॉजी जांच, ईसीजी, पंचकर्म और अन्य आधुनिक सुविधाएं भी उपलब्ध होंगी। यह जानकारी जिला आयुर्वेदिक एवं यूनानी अधिकारी डॉ. मोहम्मद शाहिद ने नगर निगम सभागार में आयोजित पत्रकार वार्ता में दी। उन्होंने बताया कि आयुर्वेदिक चिकित्सालयों में अब खून, पेशाब समेत अन्य बुनियादी जांचों की सुविधा उपलब्ध होगी। हृदय रोगियों के लिए ईसीजी जांच, नाड़ी परीक्षण के लिए आधुनिक नाड़ी तरंगिणी यंत्र तथा विभिन्न रोगों के उपचार के लिए पंचकर्म और अग्निकर्म चिकित्सा की व्यवस्था भी की गई है। डॉ. शाहिद ने बताया कि जीवनशैली जनित रोगों के उपचार के लिए प्राकृतिक चिकित्सा, योग और मर्म चिकित्सा को भी बढ़ावा दिया जा रहा है। जनपद में आयुर्वेदिक सेवाओं को सुदृढ़ करने के लिए 84 आयुर्वेदिक चिकित्सक तैनात हैं, जबकि ग्रामीण क्षेत्रों में 31 आयुष्मान आरोग्य मंदिर संचालित किए जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि इन सुविधाओं से ग्रामीण और पर्वतीय क्षेत्रों के लोगों को सामान्य उपचार और जांच के लिए शहरों का रुख नहीं करना पड़ेगा। आयुर्वेद के साथ आधुनिक जांच सुविधाएं जुड़ने से उपचार और अधिक प्रभावी होगा। पत्रकार वार्ता में फार्मासिस्ट अंशुल रावत, महेश आर्य सहित अन्य लोग उपस्थित रहे।
