


देहरादून(आरएनएस)। आंगनबाड़ी कार्यकत्री/सेविका कर्मचारी यूनियन उत्तराखंड (सीटू) ने मानदेय 26 हजार करने समेत अन्य मांगों को लेकर सचिवालय कूच किया। पुलिस के रोकने पर प्रदर्शनकारियों ने बैरीकेडिंग के समीप धरना प्रदर्शन कर नारेबाजी की। सीएम से जल्द मिलाने के आश्वासन के बाद धरना समाप्त किया गया। शुक्रवार को आंगनबाड़ी कार्यकत्री/सेविका कर्मचारी यूनियन उत्तराखंड (सीटू) के बैनर तले विभिन्न विकासखंडों, ग्रामीण एवं शहरी क्षेत्रों से आई हजारों आंगनबाड़ी कार्यकत्रियों एवं सहायिकाओं ने लंबित मांगों को लेकर गांधी पार्क से सचिवालय कूच किया। गांधी पार्क में आयोजित सभा में सीटू के जिला महामंत्री लेखराज, जिला सचिव हिमांशु चौहान और जिला उपाध्यक्ष कृष्ण सिंह गुनियाल ने संबोधित किया।कहा कि मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य, पोषण, प्रारंभिक बाल शिक्षा तथा सरकारी योजनाओं के क्रियान्वयन में आंगनबाड़ी कार्यकत्रियों और सहायिकाओं का महत्वपूर्ण योगदान है, लेकिन इसके बावजूद उन्हें सम्मानजनक मानदेय एवं पर्याप्त सामाजिक सुरक्षा नहीं मिल पा रही है। कहा कि लगातार बढ़ती महंगाई के बीच वर्तमान मानदेय पर परिवार का भरण-पोषण करना कठिन होता जा रहा है। उन्होंने सरकार से आंगनबाड़ी कार्यकत्रियों एवं सहायिकाओं की न्यायोचित मांगों पर शीघ्र निर्णय लेने की मांग की।कहा कि न्यूनतम मानदेय ₹26,000 प्रतिमाह किया जाए। उन्हें ग्रेच्युटी एवं सामाजिक सुरक्षा का लाभ दिया जाए। इस दौरान सीएम के विशेष कार्याधिकारी दिलबर सिंह दानू ज्ञापन लेने पहुंचे। उन्होंने आंगनबाड़ी कार्यकत्रियों एवं सहायिकाओं की मांगों को सुना और आश्वासन दिया कि नवंबर 2026 के प्रथम सप्ताह में यूनियन के प्रतिनिधिमंडल की मुख्यमंत्री से मुलाकात कराई जाएगी। साथ ही मानदेय में बढ़ोतरी की मांग के संबंध में भी सकारात्मक कार्रवाई का आश्वासन दिया गया।आंदोलन का नेतृत्व प्रांतीय महामंत्री चित्रकला, प्रांतीय कोषाध्यक्ष लक्ष्मी पंत, जिला अध्यक्ष रजनी गुलेरिया, जिला कोषाध्यक्ष मनीषा एवं जिला महामंत्री सुनीता रावत सहित यूनियन के अन्य पदाधिकारियों ने किया। इस दौरान महामंत्री सुनीता रावत, मनीषा राणा, ऊषा भंडारी, अनुराधा,तारा बिष्ट, अनीता शाही, शास्तेश्वरी,छाया रचना शोभा,बबली, गीता पाल,रीना, विमला,भंडारी बसंती आदि मौजूद थे।



