
अल्मोड़ा। जिले में अलग-अलग स्थानों पर लगी जंगल की आग पर फायर सर्विस टीमों ने त्वरित कार्रवाई करते हुए आग पर काबू पाया। समय रहते कार्रवाई होने से कई रिहायशी क्षेत्रों और वन संपदा को बड़े नुकसान से बचा लिया गया।
फायर स्टेशन अल्मोड़ा को गुरुवार शाम करीब 6:01 बजे सूचना मिली कि चितई से आगे जंगल क्षेत्र में आग लगी हुई है। सूचना मिलते ही अग्निशमन टीम मौके पर पहुंची और एमएफई पंपिंग तथा होजरील की सहायता से आग बुझाने का अभियान शुरू किया। कड़ी मशक्कत के बाद आग को पूरी तरह नियंत्रित कर लिया गया। मौके पर वन विभाग की टीम भी मौजूद रही। अभियान में एलएफएम योगेश कुकशाल, एफएस डीवीआर उमेश कुमार और फायरमैन जीवन जोशी शामिल रहे।
वहीं रानीखेत फायर सर्विस को भी गुरुवार को अलग-अलग स्थानों पर जंगल में आग लगने की सूचनाएं मिलीं। सबसे पहले रिची क्षेत्र के पास जंगल में लगी आग को बुझाया गया, जहां आग तेजी से फैल रही थी। इसके बाद चिलियानौला, देवलीखेत, डिग्री कॉलेज क्षेत्र सहित अन्य स्थानों पर लगी वनाग्नि पर भी लगातार कार्रवाई की गई।
कई स्थानों पर आग रिहायशी इलाकों की ओर बढ़ रही थी, जिसे समय रहते नियंत्रित कर लिया गया। अग्निशमन टीम ने एमएफई पंपिंग और होजरील की मदद से आग बुझाई। पानी खत्म होने पर जल संस्थान से दोबारा वाहन में पानी भरकर लगातार अभियान चलाया गया।
इसी दौरान मासी रोड-जालली चमनपुरी रोड पर पेड़ गिरने की सूचना पर भी फायर यूनिट मौके पर पहुंची। स्थानीय लोगों द्वारा जेसीबी की सहायता से पेड़ हटाए जाने की पुष्टि के बाद टीम ने वापसी के दौरान रास्ते में लगी जंगल की आग को भी बुझाया।
फायर सर्विस अधिकारियों के अनुसार लगातार सतर्कता और त्वरित कार्रवाई के चलते कई स्थानों पर वनाग्नि को फैलने से रोका जा सका और रिहायशी क्षेत्रों को सुरक्षित बचाया गया।

