Skip to content

RNS INDIA NEWS

आपकी विश्वसनीय समाचार सेवा

Primary Menu
  • मुखपृष्ठ
  • अंतरराष्ट्रीय
  • राष्ट्रीय
  • राज्य
    • उत्तराखंड
      • अल्मोड़ा
      • उत्तरकाशी
      • ऊधम सिंह नगर
      • बागेश्वर
      • चम्पावत
      • नैनीताल
      • पिथौरागढ़
      • चमोली
      • देहरादून
      • पौड़ी
      • टिहरी
      • रुद्रप्रयाग
      • हरिद्वार
    • अरुणाचल
    • आंध्र प्रदेश
    • उत्तर प्रदेश
    • गुजरात
    • छत्तीसगढ़
    • हिमाचल प्रदेश
      • शिमला
      • सोलन
    • दिल्ली
    • बिहार
    • मध्य प्रदेश
    • मणिपुर
    • राजस्थान
    • त्रिपुरा
  • अर्थ जगत
    • बाजार
  • खेल
  • विविध
    • संस्कृति
    • न्यायालय
    • रहन-सहन
    • मनोरंजन
      • बॉलीवुड
  • Contact Us
  • About Us
  • PRIVACY POLICY
Light/Dark Button
Watch
  • Home
  • राष्ट्रीय
  • भारत में 59 एप के बैन से बौखलाया चीन
  • राष्ट्रीय

भारत में 59 एप के बैन से बौखलाया चीन

RNS INDIA NEWS 28/01/2021
rns featured image new

अब ड्रैगन ने विश्व व्यापार संगठन से लगाई गुहार

नई दिल्ली (आरएनएस)। चीन के साथ सीमा विवाद के बीच भारत सरकार ने टिकटॉक और यूसी ब्राउजर समेत 59 चीनी एप पर प्रतिबंध लगा दिया था। हाल ही में भारत सरकार ने एक नोटिस जारी कर कहा कि टिकटॉक समेत कुल 59 चीनी एप्स पर लगे बैन को परमानेंट किया जा रहा है। भारत सरकार ने यह फैसला चीनी कंपनियों के जवाब से असंतुष्ट होकर लिया। भारत के इस कदम से एक बार फिर से चीन तिलमिला गया है।
एप पर प्रतिबंध लगने से करोड़ों रुपये का नुकसान से होने से बौखलाए चीन ने कहा कि 59 चीनी एप्स पर प्रतिबंध रखने का भारत सरकार का निर्णय विश्व व्यापार संगठन के नियमों के खिलाफ है। इससे चीनी फर्मों को नुकसान होगा। चीनी कंपनियों को भारत सरकार से मुआवजे की मांग करनी चाहिए। विदेशी कंपनियों के प्रोडक्ट पर बैन लगाने की भारत की पुरानी आदत है और अमेरिकी, जापानी और साउथ कोरियन कंपनियों को भारत की इस चाल का अनुभव है। अपनी रिपोर्ट में इसे विश्व व्यापार संगठन की नीतियों का उल्लंघन तक बता दिया है। उसने दावा किया है कि भारत में विकसित सभी चीनी एप आधिकारिक और कानूनी रूप से पंजीकृत हैं। उन्होंने अपना व्यवसाय शुरू करके भारत में प्रासंगिक बाजार का पोषण किया है। भारत उन्हें पूरी तरह से धकेल रहा है और उन्हें स्थानीय उत्पादों के साथ बदल रहा है। उसने आरोप लगाया है कि इसका भारत की आत्मनिर्भरता से कोई लेना-देना नहीं है, यह बस डकैती है।
भारतीय सरकार ने एक नोटिस जारी किया था, जिसके मुताबिक टिकटॉक समेत चीन के अन्य एप पर लगी पाबंदी जारी रहेगी। सरकार ने सबसे पहले जून में चीन के 59 एप पर और फिर सितंबर में 118 अन्य एप पर रोक लगा दी थी। इनमें टिकटॉक और पबजी जैसे लोकप्रिय एप शामिल हैं। भारत सरकार ने इन एप्स के जरिए इक_ा किए जा रहे डेटा और उनके इस्तेमाल को लेकर सवाल उठाए थे और इस संबंध में इन एप्स की कंपनियों से सफाई मांगी थी, लेकिन कंपनियों ने जो जवाब दिए हैं, उससे सरकार संतुष्ट नहीं है, इसलिए यह कदम उठाया गया है। जब से भारत सरकार ने टिकटॉक समेत 59 चीनी ऐप को बैन किया है, तब से ही ड्रैगन परेशान है। इन कंपनियों को भारत के विशाल यूजर्स नहीं मिलने से काफी नुकसान हो रहा है। चीनी कंपनियों के जवाब से संतुष्ट नहीं होने पर ग्लोबल टाइम्स ने इसे भारत का बहाना और चाल बताया है।

शेयर करें..

Post navigation

Previous: यौन उत्पीड़न मामले में बॉम्बे हाईकोर्ट के फैसले पर सुप्रीम कोर्ट ने लगाई रोक
Next: दो बड़े संगठनों ने किसान आंदोलन से खुद को किया अलग

Related Post

rns featured image new
  • राष्ट्रीय

अगले 48 घंटे में उत्तर प्रदेश पहुंचेगा मानसून, उत्तराखंड में भारी बारिश का अलर्ट

RNS INDIA NEWS 26/06/2026 0
rns featured image new
  • राष्ट्रीय

दिल्ली हाई कोर्ट ने नीट परीक्षा से पहले टेलीग्राम पर प्रतिबंध बरकरार रखा

RNS INDIA NEWS 19/06/2026 0
rns featured image new
  • राष्ट्रीय

भांजी से बात करने की खौफनाक सजा, मामाओं ने बीच सड़क पर युवक पर चढ़ा दी कार

RNS INDIA NEWS 13/06/2026 0

यहाँ खोजें

Quick Links

  • About Us
  • Contact Us
  • PRIVACY POLICY

ताजा खबर

  • यातायात नियम तोड़ने पर 119 वाहन चालकों के चालान
  • राशिफल 27 जून
  • कालागढ़ पावर हाउस ने जून में किया रिकॉर्ड बिजली उत्पादन
  • टेंडर निरस्त नहीं होने तक जारी रहेगा जमीन बचाने का संघर्ष, चौथे दिन भी क्रमिक अनशन पर डटे ग्रामीण
  • रात में अतिक्रमण हटाओ अभियान से भड़के लघु व्यापारी, नगर निगम के खिलाफ प्रदर्शन
  • कोसी नदी में नहीं उतरने की सोमेश्वर पुलिस ने की अपील
Copyright © rnsindianews.com | MoreNews by AF themes.