
ऋषिकेश। मूसलाधार बारिश शहर और साथ लगते देहात के इलाकों में लोगों के लिए आफत बन गई। कई स्थानों पर दो दर्जन से ज्यादा घरों में पानी घुसने से लोगों का कीमती सामान भी खराब हो गया। नुकसान का जायजा लेने को तहसील की टीम प्रभावित क्षेत्रों में पहुंची। बरसाती पानी की निकासी के इंतजाम के साथ प्रभावितों को मुआवजा देने का भरोसा दिया। बुधवार रात से लेकर गुरुवार सुबह तक हुई मूसलाधार बारिश से शहर की सड़कें तालाब में तब्दील हो गईं। मुख्य मार्ग और आंतरिक मार्गों पर जलभराव से लोगों को भारी परेशानी झेलनी पड़ी। कई मार्गों पर घुटने तक बरसाती पानी जमा होने से लोग पैदल भी नहीं चल सके। गंगानगर, चंद्रभागा, चंद्रेश्वरनगर और अमितग्राम क्षेत्र में बरसाती पानी लोगों के घरों में घुस गया। पानी घरों में आते ही अफरा-तफरी फैल गई। कीमती सामान को बचाने के लिए लोग रात से लेकर सुबह तक जद्दोजहद करते नजर आए। खुद को बचाने के लिए उन्हें मजबूरन छतों पर रात गुजरनी पड़ी। रानीपोखरी में भी कई ग्रामीणों के घरों तक बरसाती पानी पहुंच गया। तहसीलदार चमन सिंह ने बताया कि प्रभावित क्षेत्रों का जायजा लेकर नुकसान का आकलन किया जा रहा है। बारिश से सिर्फ लोगों के सामान का ही नुकसान हुआ है। क्षेत्र में कोई जनहानि इससे नहीं हुई है। करीब पच्चीस परिवार अभी बरसाती पानी से प्रभावित हैं। रिपोर्ट तैयार कर उन्हें दैवीय आपदा के तहत मुआवजा राशि देने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। बताया कि पुलिस, नगर निगम और संबंधित विभागों को बरसात में अलर्ट रहने के निर्देश दिए हैं।

