
देहरादून(आरएनएस)। राज्य कर्मचारी संयुक्त परिषद उत्तराखंड के आह्वान पर चल रहे आंदोलन के तृतीय दिवस के अंतर्गत दून में जन-जागरण एवं गेट मीटिंग कार्यक्रम आयोजित किए गए। कर्मचारियों ने वेतन विसंगति, प्रमोशन समेत कई मांगों के पूरा नहीं होने पर रोष जताया। शनिवार को आंदोलन की शुरुआत राजकीय औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थान (महिला) से की गई। कार्यक्रम की शुरुआत परिषद के संरक्षक चौधरी ओमवीर सिंह ने की। परिषद के संरक्षक ठाकुर शेर सिंह एवं नंदकिशोर त्रिपाठी ने आंदोलन की रूपरेखा को सही समय पर उठाया गया कदम बताया। कहा कि वेतन विसंगति, प्रमोशन समेत कई मांगें अटकी हैं। कर्मचारियों की जायज मांगें शीघ्र पूरी हों। परिषद के उपाध्यक्ष संदीप पांडे ने बताया कि गोल्डन कार्ड को लेकर मांगें पूरी होनी चाहिए। विभागों का ढांचा पुनर्गठन जरूरी है। आंदोलन पूरे प्रदेश में पूर्ण गति से संचालित हो रहा है तथा सभी कर्मचारियों को इसमें सक्रिय भागीदारी सुनिश्चित करनी चाहिए। राजकीय औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थान (महिला) के धर्मेश डोभाल, आशा भंडारी, सुनीता, निशा, कल्पना, अर्चना एवं यशपाल ने विभागीय समस्याओं को उठाया। गेट मीटिंग का संचालन आईटीआई संघ के प्रदेश महामंत्री एवं परिषद के कोषाध्यक्ष रविंद्र चौहान ने किया। गन्ना पर्यवेक्षक संघ के प्रांतीय अध्यक्ष सुरेश डबराल ने कहा कि जन-जागरण अभियान में सभी साथियों को सहयोग करना चाहिए।उत्तराखंड अधीनस्थ सांख्यिकी सेवा संघ (पशुपालन विभाग) के प्रदेश अध्यक्ष विमल कुशवाहा ने आंदोलन को पूर्ण समर्थन देने का आश्वासन दिया। ग्राम विकास अधिकारी एसोसिएशन के अध्यक्ष एवं राज्य कर्मचारी संयुक्त परिषद के प्रांतीय प्रवक्ता हर्ष डी जोशी,अर्थ एवं सांख्यिकी संगठन के प्रदेश अध्यक्ष धीरज गुप्ता ने बताया कि सरकार को कर्मचारियों की मांगों को जल्द पूरा करना चाहिए।
19 जनवरी को गेट मीटिंग एमकेपी कॉलेज में होगी परिषद के प्रदेश अध्यक्ष अरुण पांडे ने बताया कि19 जनवरी को गेट मीटिंग कार्यक्रम एमकेपी कॉलेज देहरादून एवं उसके आसपास स्थित विभागों में आयोजित किया जाएगा। इस अवसर पर सहायक समाज कल्याण अधिकारी संदीप, धर्मपाल, विक्रांत, गंभीर एवं आकाशदीप सहित कर्मचारी उपस्थित रहे।


