
अल्मोड़ा। विकास भवन में सामाजिक एवं पर्यावरणीय अनुपालन और मूल्यांकन योजना (सेकैप) तथा खरीद प्रक्रियाओं को लेकर एक दिवसीय कार्यशाला आयोजित की गई। कार्यशाला में परियोजना से जुड़े अधिकारियों और कार्मिकों को सेकैप ढांचे और पारदर्शी खरीद प्रणाली की विस्तृत जानकारी दी गई। कार्यशाला में परियोजना प्रबंधन इकाई से आए एसोसिएट विपिन मंदवाल ने पावर प्वाइंट प्रस्तुति के माध्यम से सेकैप फ्रेमवर्क को समझाया। उन्होंने जैव विविधता संरक्षण, सामुदायिक स्वास्थ्य एवं सुरक्षा मानकों, संग्रह केंद्रों की स्थापना, पर्यावरणीय मानकों के अनुरूप वे-साइड ईटरी संचालन, शिकायत निवारण तंत्र और अनुपालन जांच जैसे विषयों पर विस्तार से जानकारी दी। इसके साथ ही उन्होंने खरीद प्रक्रियाओं में पारदर्शिता और निर्धारित नियमों के पालन की आवश्यकता पर जोर दिया। जिला परियोजना प्रबंधक राजेश मठपाल और फोकल पर्सन तथा सहायक प्रबंधक (आजीविका) सुनील जोशी ने भी अपने अनुभव साझा किए। उन्होंने परियोजना के प्रभावी क्रियान्वयन, तय समय में लक्ष्य प्राप्त करने और विभिन्न इकाइयों के बीच बेहतर समन्वय बनाए रखने की आवश्यकता बताई। कार्यशाला में सहायक प्रबंधक (अनुश्रवण एवं मूल्यांकन) दीपक चंद रमोला, सहायक प्रबंधक (सेल्स) इंदिरा अधिकारी सहित जनपद के सभी विकासखंडों के अनुश्रवण एवं मूल्यांकन सहायकों ने भागीदारी की। कार्यक्रम में परियोजना प्रबंधन इकाई और जिला प्रबंधन इकाई के अधिकारियों एवं कर्मचारियों की भी उपस्थिति रही। कार्यशाला का उद्देश्य प्रतिभागियों की सेकैप ढांचे और खरीद प्रक्रियाओं के प्रति समझ को मजबूत करना तथा उनकी कार्यक्षमता बढ़ाना था। कार्यक्रम में प्रतिभागियों की सक्रिय भागीदारी देखने को मिली, जिससे परियोजना के पारदर्शी और प्रभावी क्रियान्वयन के प्रति उनकी प्रतिबद्धता स्पष्ट हुई।

