


पिथौरागढ़(आरएनएस)। एएनएम प्रशिक्षण सेंटर की छात्राओं ने प्रशासन से जिला अस्पताल के समीप सुरक्षित और सुविधायुक्त माहौल में पढ़ाई की मांग की है। प्रशिक्षणार्थी छात्राओं का कहना है कि मूलभूत सुविधाओं से वंचित और जानलेवा खतरों से भरे बडालू प्रशिक्षण केंद्र के भवन में जाना उन्हें किसी कीमत पर मंजूर नहीं है। सुरक्षा, पेयजल और आपातकालीन चिकित्सा सेवाओं की अनदेखी से आक्रोशित छात्राएं जल्द ही डीएम से मुलाकात कर उन्हें अपना मांग पत्र सौंपेंगी। शुक्रवार को प्रशिक्षणार्थी छात्राओं ने कहा कि बीते सितंबर माह के शुरूआती दिनों भूस्खलन होने के कारण बड़ालू स्थित एएनएम सेंटर का संचालन जिला मुख्यालय से किया जा रहा है।जिसे अब वापस बडालू स्थांनातरित करने की तैयारी की जा रही है। छात्राओं का कहना है कि वर्तमान में भवन जर्जर स्थिति में है। बारिश के दिनों में छतों से पानी टपकता है। पीने के पानी की भारी किल्लत है। कहा कि सबसे गंभीर चिंता सुरक्षा को लेकर है, क्षेत्र में आए दिन जहरीले सांप निकलते रहते हैं। हाल ही में सांप के काटने से एक कुत्ते की तड़पकर हुई मौत ने छात्राओं में दहशत भर दी है। छात्राओं का कहना है कि एएनएम कोर्स के दौरान उन्हें 6 महीने तक जिला अस्पताल में रहकर व्यावहारिक प्रशिक्षण (नाइट व डे ड्यूटी) पूरा करना होता है। बडालू मुख्य बाजार और अस्पताल से काफी दूर है। ऐसे में हर रोज आने-जाने में समय और सुरक्षा का जोखिम तो रहता ही, साथ ही किसी छात्रा के अचानक बीमार पड़ने पर वक्त पर इलाज मिलना भी नामुमकिन हो जाएगा। उनका कहना है कि वे किसी व्यवस्था या फैसले का अकारण विरोध नहीं कर रही हैं, बल्कि अपनी बुनियादी सुरक्षा और सही प्रशिक्षण वातावरण की मांग कर रही हैं।




