


सहसपुर में प्रदर्शन कर कार्यकर्ताओं ने निष्पक्ष जांच और दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की, पुलिसकर्मी पर शिकायतकर्ता को डराने-धमकाने का लगाया आरोप
थाने के बाहर प्रदर्शन कर उठाई जांच की मांग
विकासनगर। सहसपुर में धर्म परिवर्तन के लिए दबाव बनाने और मारपीट के आरोपों को लेकर सोमवार को विश्व हिंदू परिषद और बजरंग दल के कार्यकर्ताओं ने सहसपुर थाने का घेराव कर प्रदर्शन किया। कार्यकर्ताओं ने पुलिस की कार्रवाई पर सवाल उठाते हुए मामले की निष्पक्ष जांच और शिकायत के आधार पर कार्रवाई की मांग की।
पुलिस कार्रवाई पर उठाए सवाल
विहिप जिलाध्यक्ष रमेश ढौंढ़ियाल और जिला संयोजक शेखर बंसल ने कहा कि किसी व्यक्ति पर उसकी इच्छा के विरुद्ध धर्म परिवर्तन का दबाव बनाया जाना गंभीर मामला है। उन्होंने पुलिस से शिकायत में लगाए गए सभी आरोपों और उपलब्ध तथ्यों की निष्पक्ष जांच करने की मांग की।
पुलिसकर्मी पर लगाया डराने-धमकाने का आरोप
विहिप जिलाध्यक्ष ने आरोप लगाया कि पीड़ित ने मामले की शिकायत पुलिस से की थी, लेकिन कार्रवाई करने के बजाय एक पुलिसकर्मी ने कथित रूप से उसे डराने-धमकाने का प्रयास किया। उन्होंने कहा कि शिकायतकर्ता को भयभीत करने के लगाए गए आरोपों की भी निष्पक्ष जांच होनी चाहिए। कार्यकर्ताओं ने कहा कि धर्म परिवर्तन के लिए दबाव बनाने और मारपीट से जुड़े आरोपों को गंभीरता से लेते हुए मामले के प्रत्येक पहलू की जांच की जानी चाहिए।
वास्तविकता सामने लाने की मांग
प्रदर्शनकारियों ने पुलिस अधिकारियों से मामले की निष्पक्ष जांच कर वास्तविकता सामने लाने और शिकायत के आधार पर कार्रवाई सुनिश्चित करने की मांग की। उन्होंने कहा कि संगठन किसी भी व्यक्ति के साथ अन्याय के खिलाफ आवाज उठाता रहेगा।
ये रहे प्रदर्शन में शामिल
प्रदर्शन करने वालों में मनीष नेगी, सुमित राणा, सूरज कुमार, सौरभ दातपुरी, संजय अग्रवाल, तुषार श्रीवास्तव, विकास बडोला, राहुल रावत, उमेश जोशी और रचित मिश्रा आदि शामिल रहे।


