
अल्मोड़ा। बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ योजना के तहत जिला टास्क फोर्स की बैठक गुरुवार को मुख्य विकास अधिकारी रामजी शरण शर्मा की अध्यक्षता में आयोजित हुई। बैठक में पिछले वित्तीय वर्ष की गतिविधियों की समीक्षा के साथ वर्ष 2026-27 की कार्ययोजना पर चर्चा की गई। मुख्य विकास अधिकारी ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि बालिकाओं और महिलाओं को ऐसे प्रशिक्षण दिए जाएं, जिनसे उनके लिए रोजगार और स्वरोजगार के अवसर बढ़ सकें। उन्होंने सिलाई, ब्यूटी पार्लर, नर्सरी, पिरूल एवं अन्य हस्तशिल्प निर्माण, मशरूम उत्पादन, कंप्यूटर कोर्स और मोबाइल रिपेयरिंग जैसे व्यावसायिक प्रशिक्षण कार्यक्रमों को बढ़ावा देने पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि 18 वर्ष से अधिक आयु की बालिकाओं एवं महिलाओं को मुख्यमंत्री उद्यमशाला योजना और ग्रामीण प्रशिक्षण संस्थानों के माध्यम से प्रशिक्षण उपलब्ध कराया जाए। उन्होंने निर्देश दिए कि प्रशिक्षण के बाद महिलाओं को ई-मार्केटिंग का प्रशिक्षण भी दिया जाए, ताकि वे अपने उत्पादों और सेवाओं को व्यापक बाजार तक पहुंचा सकें। साथ ही पुलिस विभाग को बालिकाओं के लिए नियमित सेल्फ डिफेंस प्रशिक्षण आयोजित करने के निर्देश भी दिए गए। बैठक में बालिकाओं और युवतियों में बढ़ती नशे की प्रवृत्ति पर चिंता व्यक्त करते हुए जागरूकता अभियान और नियमित काउंसलिंग कार्यक्रम चलाने पर बल दिया गया। मुख्य विकास अधिकारी ने निर्देश दिए कि स्कूलों में प्रत्येक माह नशे के दुष्प्रभावों पर काउंसलिंग कार्यक्रम आयोजित किए जाएं। इसके अलावा बाल विवाह तथा महिलाओं और बालिकाओं के उत्पीड़न की रोकथाम के लिए पोस्टर, सोशल मीडिया, वीडियो संदेश और ग्राम एवं नगर स्तर पर जनजागरूकता अभियान चलाने तथा संबंधित कानूनी प्रावधानों की जानकारी आमजन तक पहुंचाने के निर्देश दिए गए। बैठक में जिला कार्यक्रम अधिकारी पीताम्बर प्रसाद, जिला पंचायत राज अधिकारी राजेंद्र सिंह, महिला पुलिस अधिकारी तथा विभिन्न विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।

