
काशीपुर(आरएनएस)। सहकारी चीनी मिल में स्क्रैप बिक्री के दौरान कथित घटतौली और भारी अनियमितताओं के आरोपों को लेकर बुधवार को कांग्रेस कार्यकर्ताओं और किसान यूनियनों का आक्रोश खुलकर सामने आया। बड़ी संख्या में किसान और कांग्रेस नेता चीनी मिल के मुख्य गेट पर एकत्र हुए और अनिश्चितकालीन धरना शुरू कर दिया। प्रदर्शनकारियों ने शासन-प्रशासन और मिल प्रबंधन के खिलाफ जमकर नारेबाजी करते हुए पूरे मामले की निष्पक्ष जांच, दोषियों पर एफआईआर दर्ज करने तथा सरकारी धन की कथित लूट पर तत्काल रोक लगाने की मांग उठाई। धरने को संबोधित करते हुए किसान नेता कर्म सिंह पड्डा, अजीत रंधावा, जोरावर भुल्लर, प्रताप संधू, विजेंद्र डोगरा, विक्की रंधावा और रजनीत सिंह ने आरोप लगाया कि चीनी मिल की संपत्ति को सुनियोजित तरीके से नुकसान पहुंचाया जा रहा है। उन्होंने कहा कि स्क्रैप बिक्री में हुई कथित गड़बड़ी कोई साधारण चोरी नहीं बल्कि सरकारी संपत्ति पर खुली डकैती है। नेताओं ने कहा कि यदि पूरे प्रकरण की निष्पक्ष जांच कर दोषियों के खिलाफ कठोर कार्रवाई नहीं हुई तो आंदोलन को और तेज किया जाएगा। कांग्रेस नेता डीके जोशी ने भी सरकार और मिल प्रबंधन पर मिलीभगत का आरोप लगाते हुए कहा कि इस मामले में जिम्मेदार अधिकारियों और ठेकेदार की भूमिका की गहन जांच होनी चाहिए। प्रदर्शन के दौरान कोतवाल नरेश चौहान मौके पर पहुंचे, जहां किसान नेताओं और कांग्रेस प्रतिनिधियों ने उन्हें लिखित तहरीर सौंपी। किसान कांग्रेस जिलाध्यक्ष नवदीप कंग द्वारा दी गई तहरीर में आरोप लगाया गया कि स्क्रैप टेंडर के तहत वाहनों के वजन में भारी अंतर पाया गया है। तहरीर के अनुसार 21 जुलाई को चीनी मिल के कांटे पर जिस ट्रक का वजन मात्र 63 कुंतल दर्ज किया गया, उसी वाहन का वजन बाहर किसान कांटे पर 222.40 कुंतल निकला। आरोप है कि इसी प्रकार की लगभग 65 गाड़ियां मिल से बाहर जा चुकी हैं, जिससे सरकारी राजस्व को भारी नुकसान पहुंचने की आशंका है। प्रदर्शनकारियों ने पूरे प्रकरण की उच्चस्तरीय जांच कर दोषियों पर कठोर कार्रवाई की मांग की। कोतवाल नरेश चौहान ने मामले की गंभीरता से जांच जलकराने का भरोसा दिया। मौके पर पालिकाध्यक्ष गुरजीत सिंह गित्ते, कदीर अहमद, अनुराग गर्ग, अतुल कुमार, अजयदीप ढौंढियाल, प्रताप सिंह, गगन सरना, हरभजन सिंह, परवेज शेख, फुरकान, शाहिद सहित बड़ी संख्या में किसान और कांग्रेस कार्यकर्ता मौजूद रहे।
चीनी मिल के दो अधिकारी निलंबित, जांच शुरू
मामले की गंभीरता को देखते हुए डीएम द्वारा गठित जांच समिति के निर्देश पर मिल की प्रभारी प्रधान प्रबंधक एवं उप जिलाधिकारी डॉ. अमृता शर्मा ने बुधवार को बड़ी प्रशासनिक कार्रवाई करते हुए प्रभारी भंडारपाल अश्विनी कुमार शर्मा और प्रभारी गोदाम कीपर स्नेह विकास शर्मा को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया। प्रथम दृष्टा स्क्रैप उठान के दौरान वाहनों की तौल में पाई गई भिन्नता और कार्य में लापरवाही के आधार पर यह कार्रवाई की गई। एसडीएम ने बताया कि शिकायत मिलते ही स्क्रैप उठान पर रोक लगाकर जांच शुरू कर दी गई है। निलंबन अवधि में दोनों कर्मचारियों को नियमानुसार जीवन निर्वाह भत्ता दिया जाएगा।
