
रुद्रपुर(आरएनएस)। उप जिला चिकित्सालय से सीएमएस सहित सात विशेषज्ञ चिकित्सकों के तबादले के विरोध में गुरुवार को आशा कार्यकर्ताओं ने अस्पताल परिसर में धरना-प्रदर्शन किया। उन्होंने मुख्यमंत्री को ज्ञापन भेजकर सभी तबादले निरस्त करने की मांग की। आशा कार्यकर्ताओं ने कहा कि उप जिला चिकित्सालय पहले से ही विशेषज्ञ चिकित्सकों की कमी से जूझ रहा है। ऐसे में एक साथ सात चिकित्सकों के तबादले से अस्पताल की स्वास्थ्य सेवाएं प्रभावित होंगी। इसका सीधा असर गरीब और जरूरतमंद मरीजों पर पड़ेगा, जिन्हें निजी अस्पतालों में महंगा इलाज कराने के लिए मजबूर होना पड़ सकता है। उनका कहना था कि स्थानांतरित चिकित्सकों के स्थान पर अब तक किसी नए चिकित्सक ने कार्यभार ग्रहण नहीं किया है।बताया कि सीएमएस की सेवानिवृत्ति में केवल दो वर्ष और बाल रोग विशेषज्ञ की सेवानिवृत्ति में मात्र तीन माह शेष हैं। वहीं, हड्डी रोग विशेषज्ञ लंबे समय से अस्पताल में सेवाएं दे रहे हैं और कोरोना काल में भी उन्होंने महत्वपूर्ण योगदान दिया था। वरिष्ठ फिजीशियन की सेवाओं का लाभ खटीमा के साथ-साथ सितारगंज क्षेत्र के मरीजों को भी मिल रहा है। ऐसे में इन चिकित्सकों का एक साथ तबादला किए जाने से क्षेत्रवासियों में गहरा आक्रोश है। धरना-प्रदर्शन में ललिता भाटिया, सुषमा देवी, दीपा पांडे, रीना, सोनी सिंह, सुनीता राणा, बसंती धामी, नीलम शर्मा, घनेश्वरी, सरिता चंद, मीना चंद, विमला देवी, जानकी शर्मा, सोनम, रीनावती, कविता देवी, मंजीत कौर सहित बड़ी संख्या में आशा कार्यकर्ता मौजूद रहीं।
