
हरिद्वार। दुष्कर्म के मामले में आठ साल से फरार चल रहे पांच हजार के इनामी आरोपी को कनखल पुलिस ने मेरठ से ढूंढ निकाला। आरोपी फर्जी नाम रखकर मेरठ में छिपा हुआ था। आरोपी को कोर्ट में पेश करने के बाद जेल भेज दिया गया। वर्ष 2014 में एक युवती ने कनखल थाने में दुष्कर्म का मुकदमा दर्ज कराया था। आरोप था कि शीतल पेय में उसे नशीला पदार्थ मिलाकर पिलाने के बाद उसके साथ दुष्कर्म किया गया था। उस वक्त पुलिस ने युवती की शिकायत पर कार्रवाई करते हुए आरोपी आशीष कुमार अग्रवाल निवासी सहदेवपुर पथरी को गिरफ्तार कर जेल भेजा था, लेकिन आरोपी कोर्ट से जमानत मिलने के बाद से फरार चल रहा था। आरोपी के फरार होने के बाद उस पर पांच हजार का इनाम घोषित किया गया था। तब से कनखल पुलिस उसकी तलाश में जुटी थी। कनखल पुलिस को जानकारी मिली कि आरोपी यूपी के मोहल्ला ब्रह्मपुरी मेरठ में एक जिम में ट्रेनर के तौर पर कार्यकर रहा है और उसने अपना नाम रूद्र देव पुत्र गोविन्द सिंह रख लिया है। एसओ नरेश राठौड़ के निर्देशन में गठित की गई पुलिस टीम ने मेरठ में छापा मारकर आरोपी को पकड़ लिया, जिसे यहां लाया गया। एसओ ने बताया कि आरोपी लंबे समय से जिम ट्रेनर के तौर पर काम कर रहा था। आरोपी को कोर्ट में पेश करने के बाद जेल भेज दिया गया। पुलिस टीम में एसएसआई अभिनव शर्मा, जगजीतपुर चौकी प्रभारी देवेंद्र तोमर, हेड कांस्टेबल सुनील राणा, सतेंद्र रावत, बलवंत सिंह शामिल रहे।

