Skip to content

RNS INDIA NEWS

आपकी विश्वसनीय समाचार सेवा

Primary Menu
  • मुखपृष्ठ
  • अंतरराष्ट्रीय
  • राष्ट्रीय
  • राज्य
    • उत्तराखंड
      • अल्मोड़ा
      • उत्तरकाशी
      • ऊधम सिंह नगर
      • बागेश्वर
      • चम्पावत
      • नैनीताल
      • पिथौरागढ़
      • चमोली
      • देहरादून
      • पौड़ी
      • टिहरी
      • रुद्रप्रयाग
      • हरिद्वार
    • अरुणाचल
    • आंध्र प्रदेश
    • उत्तर प्रदेश
    • गुजरात
    • छत्तीसगढ़
    • हिमाचल प्रदेश
      • शिमला
      • सोलन
    • दिल्ली
    • बिहार
    • मध्य प्रदेश
    • मणिपुर
    • राजस्थान
    • त्रिपुरा
  • अर्थ जगत
    • बाजार
  • खेल
  • विविध
    • संस्कृति
    • न्यायालय
    • रहन-सहन
    • मनोरंजन
      • बॉलीवुड
  • Contact Us
  • About Us
  • PRIVACY POLICY
Light/Dark Button
Watch
  • Home
  • राज्य
  • उत्तराखंड
  • राजस्‍व क्षेत्रों में रेगुलर पुलिस की स्‍थापना की कवायद शुरू
  • उत्तराखंड
  • देहरादून

राजस्‍व क्षेत्रों में रेगुलर पुलिस की स्‍थापना की कवायद शुरू

RNS INDIA NEWS 06/10/2022
default featured image

देहरादून (आरएनएस)।  मुख्य सचिव डॉ. एस. एस. संधु की अध्यक्षता में गुरुवार को सचिवालय में प्रदेश के राजस्व क्षेत्रों को रेगुलर पुलिस को दिए जाने के सम्बन्ध में जिलाधिकारियों और पुलिस अधीक्षकों के साथ वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से चर्चा की गई।  बैठक के दौरान मुख्य सचिव ने कहा कि रेगुलर पुलिस में शामिल किए जाने हेतु जिन क्षेत्रों को तत्काल शामिल किए जाने की आवश्यकता है, उनके प्रस्ताव शीघ्र भेजे जाएं। जिन क्षेत्रों में रेगुलर पुलिस के थाना, रिपोर्टिंग चौकी या एरिया एक्सपेंशन की आवश्यकता है, शीघ्र अतिशीघ्र प्रस्ताव भेज दिए जाएं। उन्होंने कहा कि उत्तराखंड एक टूरिज्म स्टेट होने के कारण हॉस्पिटैलिटी का क्षेत्र में महिलाओं के कार्य की अत्यधिक संभावना को देखते हुए हम सभी को प्रोएक्टिव होकर कार्य करना होगा।  मुख्य सचिव ने कहा कि जिन क्षेत्रों में पिछले कुछ समय में पर्यटन अथवा व्यावसायिक गतिविधियां बढ़ी हैं, उन्हें प्राथमिकता से रेगुलर पुलिस में शामिल किया जाए। उन्होंने डीजीपी श्री अशोक कुमार को भी जघन्य अपराधों की कैटेगरी निर्धारित किए जाने के निर्देश दिए कि राजस्व क्षेत्रों में जघन्य अपराध के मामलों को तत्काल रेगुलर पुलिस को सौंपते हुए एफआईआर दर्ज की जाए।
अपर मुख्य सचिव राधा रतूड़ी ने कहा कि प्रदेश के किसी भी कोने में काम करने वाली महिलाओं के लिए रजिस्ट्रेशन या अन्य कोई ऐसा सिस्टम विकसित किया जाना चाहिए जिसमें वह अपनी जानकारी दर्ज कर सके कि वह यहां कार्य कर रही है, ताकि यदि कोई अप्रिय घटना होने पर तत्काल जानकारी उपलब्ध हो सके।   मुख्य सचिव ने कहा कि पुलिस को इसमें प्रोएक्टिव होकर काम करना होगा। उन्होंने डीजीपी को एक मोबाइल ऐप शुरू करने के निर्देश दिए जिसमें काम करने वाली महिला अपनी जानकारी दर्ज कर सके, साथ ही कॉल सेंटर जैसा सिस्टम भी तैयार किया जाए जो इन महिलाओं से कुछ- कुछ समयांतराल के बाद उनका हालचाल भी पूछा जाए। इसके प्रचार प्रसार पर भी विशेष ध्यान दिया जाए। महिलाओं और उनके परिजनों को भी इसके लिए जागरूक किया जाए। इस अवसर पर डीजीपी कानून व्यवस्था  वी. मुरुगेशन एवं सचिव  चंद्रेश यादव सहित अन्य उच्चाधिकारी उपस्थित थे।

शेयर करें..

Post navigation

Previous: हाकम सिंह और नौ अन्य आरोपितों के विरुद्ध चार्जशीट कोर्ट में दाखिल
Next: उत्तराखंड प्राकृतिक दृष्टि से परम्परागत कृषि के लिए एक उपयुक्त राज्य : धामी

Related Post

default featured image
  • देहरादून

राज्य गठन के बाद बने फर्जी स्थाई निवास प्रमाण पत्रों की जांच करे सरकार

RNS INDIA NEWS 14/01/2026 0
default featured image
  • देहरादून

भारतीय गोरखाओं के खिलाफ की जा रही आपत्तिजनक टिप्पणी से आक्रोश

RNS INDIA NEWS 14/01/2026 0
default featured image
  • देहरादून

राज्यसभा सांसद नरेश बंसल ने किया सांसद चैंपियनशिप ट्रॉफी का शुभारंभ

RNS INDIA NEWS 14/01/2026 0

[display_rns_ad]

यहाँ खोजें

Quick Links

  • About Us
  • Contact Us
  • PRIVACY POLICY

ताजा खबर

  • राशिफल 15 जनवरी
  • राज्य गठन के बाद बने फर्जी स्थाई निवास प्रमाण पत्रों की जांच करे सरकार
  • भारतीय गोरखाओं के खिलाफ की जा रही आपत्तिजनक टिप्पणी से आक्रोश
  • लाखों के जेवरात उड़ाने वाला आरोपी पांच घंटे में गिरफ्तार
  • राज्य आंदोलनकारियों को बीस हजार रूपए पेंशन की मांग
  • मकर संक्रांति पर सिमकनी नौले के आसपास चला स्वच्छता अभियान

Copyright © rnsindianews.com | MoreNews by AF themes.