
पौड़ी(आरएनएस)। गगवाडस्यूं घाटी के तमलाग गांव में रविवार से मोरी मेला शुरू हो गया। यह मेला 12 साल बाद आयोजित किया जाता है। 6 महीने तक चलने वाले इस मेले में बड़ी संख्या में प्रवासी ग्रामीण भी जुट रहे हैं। मेले में 6 महीने तक पांडव नृत्य के साथ ही विभिन्न धार्मिक कार्यक्रमों का आयोजन होता है। रविवार को ग्रामीण मेले में काली दास को सम्मान पूर्वक मन्दिर मे लेकर आये। इसके बाद मुख्य अतिथि विधायक पौड़ी राजकुमार पोरी ने मेले का विधिवत उद्घाटन किया। रविवार को गगवाडस्यूं घाटी के तमलाग गांव में रविवार से मोरी मेला शुरू हो गया। इस दौरान ग्रामीण कालीदास को सम्मान पूर्वक मंदिर में लाए। इसके बाद माता कुंती को न्यौता देकर मंदिर तक लाया गया। जिसके बाद मंडाण लगाकर मेले की विधिवत शुरुआत हुई। 6 महीने तक चलने वाला यह मेला हर साल 12 में आयोजित किया जाता है। मेले में 6 महीने तक पांडव नृत्य के साथ ही विभन्न धार्मिक कार्यक्रमों का आयोजन होगा। इस दौरान तमलाग गांव के मध्य स्थित भैरव मंदिर के चौक में प्रतिदिन ढोल सागर से पांडव को अवतरित किया जाएगा। मेले में गणेश पूजन के साथ ही देवप्रयाग तक पैदल यात्रा भी की जाएगी। गेंडी वध, दो पेड़ गांव लाए जाने सहित अन्य पारंपरिक विधियों का भी विधि-विधान से आयोजन किया जाएगा। इस मौके पर जिला पंचायत अध्यक्ष रचना बुटोला, ब्लाक प्रमुख अस्मिता नेगी, मोरी मेला आयोजन समिति के अध्यक्ष सुबोध नैथानी, मीडिया प्रभारी प्रदीप रावत, नवीन सिंह नेगी, दीपक रावत आदि शामिल रहे।

