
रुद्रपुर(आरएनएस)। मानदेय बढ़ाने समेत विभिन्न मांगों को लेकर बुधवार को जिलेभर की आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं ने कलेक्ट्रेट पहुंचकर प्रदर्शन किया। आंगनबाड़ी कर्मचारी संयुक्त मोर्चा के बैनर तले प्रदर्शन करते हुए कार्यकर्ताओं ने सरकार पर उनकी मांगों की अनदेखी करने का आरोप लगाया। उन्होंने मुख्यमंत्री को संबोधित ज्ञापन अपर जिलाधिकारी कौस्तुभ मिश्रा को सौंपकर मांगों पर जल्द निर्णय लेने की मांग की। साथ ही चेतावनी दी कि मांगों का शीघ्र निस्तारण नहीं हुआ तो अन्य सरकारी कार्यों का बहिष्कार किया जाएगा। मोर्चा की ओर से दिए गए ज्ञापन में कहा गया कि उत्तराखंड की आंगनबाड़ी कार्यकर्ता लंबे समय से अपनी मांगों और समस्याओं के समाधान के लिए सरकार एवं विभाग से अनुरोध करती आ रही हैं।
कई बार रैली और धरना-प्रदर्शन के माध्यम से भी सरकार का ध्यान मांगों की ओर आकर्षित किया गया, लेकिन अब तक कोई ठोस निर्णय नहीं लिया गया। कार्यकर्ताओं ने वर्ष 2024 में मानदेय वृद्धि को लेकर गठित कमेटी की संस्तुतियों और निर्णय को सार्वजनिक नहीं किए जाने पर नाराजगी जताई। ज्ञापन में आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं के मानदेय में राज्य सरकार की ओर से 140 रुपये प्रतिदिन की वृद्धि करने और केंद्र सरकार को 150 रुपये प्रतिदिन की वृद्धि का प्रस्ताव भेजने की मांग की गई। इसके अलावा बिना किसी अर्हता संबंधी शर्त के सेवानिवृत्ति पर 10 लाख रुपये की धनराशि देने और पेंशन सुविधा उपलब्ध कराने की मांग भी उठाई गई। कार्यकर्ताओं ने कहा कि वे लंबे समय से विभागीय योजनाओं और सरकारी दायित्वों के निर्वहन में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही हैं। इसके बावजूद उनकी आर्थिक एवं सामाजिक सुरक्षा से जुड़ी मांगों पर अपेक्षित कार्रवाई नहीं हो रही है। उन्होंने सरकार से मांगों पर शीघ्र निर्णय लेकर राहत देने की मांग की। प्रदर्शन में जिलाध्यक्ष रुकमणी धामी, उपाध्यक्ष मंजू गोस्वामी, प्रदेश मंत्री अनीता, प्रदेश संरक्षक हंसा लोहनी, मीरा बोस, चंद्रवती, अनीता सैनी, ममता चौहान, कुसुम लता, राजकुमारी, बबली विश्वास, चंपा देवी, उर्मिला पाठक, मंजू, सुमन और मुनेश समेत बड़ी संख्या में आंगनबाड़ी कार्यकर्ता मौजूद रहीं।
