Skip to content

RNS INDIA NEWS

आपकी विश्वसनीय समाचार सेवा

Primary Menu
  • मुखपृष्ठ
  • अंतरराष्ट्रीय
  • राष्ट्रीय
  • राज्य
    • उत्तराखंड
      • अल्मोड़ा
      • उत्तरकाशी
      • ऊधम सिंह नगर
      • बागेश्वर
      • चम्पावत
      • नैनीताल
      • पिथौरागढ़
      • चमोली
      • देहरादून
      • पौड़ी
      • टिहरी
      • रुद्रप्रयाग
      • हरिद्वार
    • अरुणाचल
    • आंध्र प्रदेश
    • उत्तर प्रदेश
    • गुजरात
    • छत्तीसगढ़
    • हिमाचल प्रदेश
      • शिमला
      • सोलन
    • दिल्ली
    • बिहार
    • मध्य प्रदेश
    • मणिपुर
    • राजस्थान
    • त्रिपुरा
  • अर्थ जगत
    • बाजार
  • खेल
  • विविध
    • संस्कृति
    • न्यायालय
    • रहन-सहन
    • मनोरंजन
      • बॉलीवुड
  • Contact Us
  • About Us
  • PRIVACY POLICY
Light/Dark Button
Watch
  • Home
  • राज्य
  • उत्तराखंड
  • बागेश्वर
  • जुगाड़ से चल रहीं जिले में स्वास्थ्य व्यवस्थाएं
  • बागेश्वर

जुगाड़ से चल रहीं जिले में स्वास्थ्य व्यवस्थाएं

RNS INDIA NEWS 09/05/2021
default featured image

बागेश्वर। कोरोना महामारी को एक साल से भी अधिक समय पूरा हो गया है, लेकिन जिले की स्वास्थ्य व्यवस्थाएं अब तक जुगाड़ से ही चल रही हैं। यहां ऑक्सीजन टैक्नीशियन हैं न आइसीयू में डाक्टर। वेंटिलेटर के संचालन के लिए भी पर्याप्त चिकित्सकीय तकनीकी कर्मी नहीं हैं। इससे गंभीर होते संक्रमण के दौर में लोगों की जान का खतरा बढ़ गया है। कोविड-19 महामारी के इन 12 महीनों में भी शासन-प्रशासन ने कोई सबक नहीं लिया है। महामारी ने लचर स्वास्थ्य व्यवस्थाओं की पोल खोलकर रख दी है। संक्रमित रोगियों के लिए जिला मुख्यालय स्थित डिग्री कॉलेज में 100 बेड का कोविड केयर सेंटर, जिला अस्पताल में 44 व कोविड अस्पताल में 26 बेड की व्यवस्था की गई है। जिला व कोविड अस्पताल में ऑक्सीजन कंसंट्रेटर, सेंट्रल ऑक्सीजन सप्लाई आदि की भी व्यवस्था है। इसके साथ ही कोविड अस्पताल में छह आइसीयू बेड व नौ वेंटिलेटर हैं। महामारी में संक्रमितों के लिए लगातार अन्य व्यवस्थाएं भी की जा रही हैं, लेकिन स्वास्थ्य महकमे के पास ऑक्सीजन टेक्निशियन ही नहीं है। इससे हालात की गंभीरता का पता चल जाता हैं। यही हाल आइसीयू और वेंटिलेटर संचालन का भी है।

चिकित्सक ही तकनीशियन का कर रहे काम: स्वास्थ्य विभाग में तकनीकी चिकित्सकीय कर्मचारियों के नहीं होने पर सारा काम चिकित्सकों के जिम्मे ही है। वही आइसीयू से लेकर ऑक्सीजन टेक्निशियन का कार्य कर रहे हैं। चिकित्सकों की भी भारी कमी है। कई चिकित्सक संक्रमित भी हो रहे हैं। तकनीकी कर्मचारी की कमी से दिक्कत तो है ही। इसकी व्यवस्था को लेकर सीएमएस को बताया गया था। कुछ चिकित्सकों को भी प्रशिक्षण दिया गया है। प्रयास किए जा रहे हैं। -डा. बीडी जोशी, मुख्य चिकित्साधिकारी, बागेश्वर

शेयर करें..

Post navigation

Previous: पीएनबी लाया स्पेशल एफडी स्कीम, मिलेगा ज्यादा ब्याज और मोटा मुनाफा
Next: कोरोना कर्फ्यू के दौरान कालाबाजारी जोरों पर

Related Post

default featured image
  • बागेश्वर

ड्यूटी के दौरान सीने में उठा दर्द, उपचार के दौरान मौत

RNS INDIA NEWS 27/12/2025 0
default featured image
  • बागेश्वर

48 घंटे में चोरी की स्कूटी बरामद, आरोपी गिरफ्तार कर भेजा जेल

RNS INDIA NEWS 20/12/2025 0
default featured image
  • बागेश्वर

केमू बस-पिकअप की टक्कर, बच्चों में मची चीख पुकार

RNS INDIA NEWS 16/12/2025 0

[display_rns_ad]

यहाँ खोजें

Quick Links

  • About Us
  • Contact Us
  • PRIVACY POLICY

ताजा खबर

  • राशिफल 16 जनवरी
  • 11वीं के छात्र ने फांसी लगाकर की आत्महत्या
  • देह व्यापार मामले में महिला को छह माह का कारावास
  • उच्च शिक्षा विभाग में 268 असिस्टेंट प्रोफसर के स्थायीकरण को सरकार की मंजूरी
  • विक्रम और ड्राइवरों का सत्यापन अभियान शुरू
  • सड़क सुरक्षा माह के तहत चौखुटिया और सोमेश्वर में निकाली जागरूकता बाइक रैली

Copyright © rnsindianews.com | MoreNews by AF themes.