
रुद्रपुर(आरएनएस)। वर्ष 2021 के देह व्यापार प्रकरण में सुनवाई करते हुए विशेष न्यायाधीश (पॉक्सो) अश्विनी गौड़ की अदालत ने एक महिला को दोषी ठहराते हुए छह माह के कठोर कारावास की सजा सुनाई है। वहीं, साक्ष्य में संदेह का लाभ देते हुए चार अन्य आरोपियों को दोषमुक्त कर दिया गया। जानकारी के अनुसार, वर्ष 2021 में ट्रांजिट कैंप थाना क्षेत्र में एंटी ह्यूमन ट्रैफिकिंग यूनिट की टीम ने एक युवती को अनैतिक देह व्यापार से मुक्त कराया था। मामले में पुलिस ने इंदिरा कॉलोनी निवासी राजा खान उर्फ रौनक, शक्ति विहार वार्ड-17 निवासी कुनाल वर्मा, कृष्णा विहार ट्रांजिट कैंप निवासी संजय उर्फ सुजॉय, श्याम टॉकीज के पास निवासी लक्ष्मी और जनपथ रोड महालक्ष्मी इन्क्लेव फेज-2 निवासी रीतिका सरीन उर्फ राधिका के खिलाफ पॉक्सो एक्ट सहित युवती को अवैध रूप से कैद करने समेत कई धाराओं में मुकदमा दर्ज किया था। आरोप था कि आरोपियों ने नौकरी दिलाने के बहाने युवती को ट्रांजिट कैंप क्षेत्र के एक कमरे में ले जाकर जबरन अनैतिक कार्य कराया। सूचना पर पुलिस ने आरोपियों को गिरफ्तार कर 12 नवंबर 2021 को न्यायालय में आरोपपत्र दाखिल किया। बुधवार को अदालत ने रीतिका सरीन उर्फ राधिका को युवती को अवैध रूप से कैद करने का दोषी ठहराते हुए छह माह के कठोर कारावास की सजा सुनाई। वहीं, पॉक्सो एक्ट के आरोपों में राधिका सहित अन्य आरोपियों को साक्ष्य के अभाव में दोषमुक्त कर दिया गया।
