
रुद्रपुर(आरएनएस)। किसान सुखवंत सिंह की खुदकुशी के बाद काशीपुर की आईटीआई कोतवाली में 26 आरोपियों के खिलाफ दर्ज किए गए धोखाधड़ी के मामले की जांच के लिए एसएसपी मणिकांत मिश्रा ने एसआईटी का गठन कर दिया है। एसपी क्राइम निहारिका तोमर के पर्यवेक्षण में एसआईटी मामले की जांच करेगी। एसआईटी में तीन इंस्पेक्टर, दो सब इंस्पेक्टर, एक हेड कांस्टेबल और एक कांस्टेबल को शामिल किया गया है। किसान सुखवंत सिंह के साथ धोखाधड़ी के मामले में 12 जनवरी को आईटीआई कोतवाली में धारा 108/318(4) बीएनएस के तहत अमरजीत सिंह समेत पैगा निवासी 26 आरोपियों के खिलाफ विरुद्ध मुकदमा दर्ज किया गया था। मामले की गंभीरता को देखते हुए इसकी जांच के लिए एसपी क्राइम निहारिका तोमर के निर्देशन में एसआईटी गठित कर दी गई है। एसआईटी में निरीक्षक रवि कुमार सैनी प्रभारी निरीक्षक कोतवाली कुण्डा को विवेचक बनाया गया है। जबकि निरीक्षक हरेन्द्र चौधरी प्रभारी निरीक्षक कोतवाली काशीपुर, निरीक्षक जसवीर चौहान प्रभारी एसओजी ऊधमसिंहनगर, उप निरीक्षक चन्दन सिंह बिष्ट प्रभारी चौकी कुण्डेश्वरी कोतवाली काशीपुर, उप निरीक्षक हरविन्दर कुमार कोतवाली कुण्डा को सदस्य बनाया गया है। वहीं मुख्य आरक्षी विनय यादव, एसओजी काशीपुर को सदस्य (सीसीटीवी फुटेज) और आरक्षी भूपेन्द्र आर्या एसओजी रुद्रपुर को सदस्य (तकनीकी) के रूप में एसआईटी में शामिल किया गया है। इससे पूर्व, किसान सुखवंत की आत्महत्या के प्रकरण में सोमवार को एसएसपी ने सख्त कदम उठाते हुए आईटीआई कोतवाली प्रभारी और एक उपनिरीक्षक को निलंबित कर दिया था। जबकि पैगा चौकी प्रभारी समेत सभी दस पुलिसकर्मियों को लाइन हाजिर किया था।
किसान सुखवंत से धोखाधड़़ी के मामले में आईटीआई कोतवाली में दर्ज मुकदमे की जांच के लिए एसपी क्राइम निहारिका तोमर के पर्यवेक्षण में सात सदस्यीय एसआईटी गठित की गई है। कोतवाली कुंडा के प्रभारी निरीक्षक को विवेचक बनाया गया है। -मणिकांत मिश्रा, एसएसपी, ऊधमसिंह नगर
