

अल्मोड़ा। ग्राम पंचायत स्याली, विकासखंड हवालबाग की एक महिला प्रत्याशी ने वार्ड सदस्य पद के उपचुनाव में गंभीर अनियमितता का आरोप लगाते हुए जिलाधिकारी से हस्तक्षेप की मांग की है। प्रार्थिनी भगवती लटवाल द्वारा जिलाधिकारी को ज्ञापन सौंपकर कहा गया कि उनके वार्ड में प्रतिद्वंद्वी उम्मीदवार का नामांकन रद्द होने के बावजूद उसे चुनाव चिन्ह आवंटित कर दिया गया, जबकि नियमों के अनुसार वह निर्विरोध चुनी जा चुकी थीं। ज्ञापन में आरोप लगाया गया है कि वार्ड संख्या 1 की सामान्य महिला सीट पर भगवती लटवाल और कमला लटवाल, दोनों ने नामांकन दाखिल किया था। जांच के दौरान 15 नवंबर को खंड विकास अधिकारी एवं रिटर्निंग ऑफिसर द्वारा कमला लटवाल का नामांकन निरस्त कर दिया गया। इसकी सूचना ग्राम प्रधान स्याली को भी उपलब्ध करा दी गई थी। प्रार्थिनी का कहना है कि विपक्षी उम्मीदवार का नामांकन निरस्त होने के बाद वह निर्विरोध चुनी जा चुकी थीं, परंतु 16 नवंबर को रिटर्निंग ऑफिसर द्वारा कमला लटवाल को ‘आम’ चुनाव चिन्ह आवंटित कर दिया गया, जो नियमों का स्पष्ट उल्लंघन है। ज्ञापन में कहा गया है कि इस प्रक्रिया ने “लोकतांत्रिक व्यवस्था का गला घोंटने” का कार्य किया है। प्रार्थिनी ने यह भी आरोप लगाया कि जब इस विषय पर जानकारी लेने के लिए खंड विकास अधिकारी से संपर्क किया गया, तो उन्होंने अपनी त्रुटि छिपाने के प्रयास में मुकदमा दर्ज कराने की धमकी दी। भगवती लटवाल ने जिलाधिकारी से अनुरोध किया है कि 20 नवंबर को प्रस्तावित मतदान से पूर्व संबंधित प्रत्याशी कमला लटवाल का नामांकन निरस्त घोषित कर उन्हें चुनाव प्रक्रिया से बाहर किया जाए। प्रार्थिनी का कहना है कि यदि समय रहते सुधारात्मक कार्रवाई नहीं की गई तो यह खुली अनियमितता लोकतांत्रिक प्रक्रियाओं को प्रभावित करेगी। ज्ञापन जिलाधिकारी को सौंपा गया है और मामले पर त्वरित निर्णय की अपेक्षा की गई है।

