
श्रीनगर गढ़वाल। सर्दी शुरू हो चुकी है, मौसम लगातार बदल रहा है। दिन और रात के तापमान में लगातार गिरावट आ रही है। दिन में हल्की गर्मी और रात को ठंड हो जाती है। सर्दी के प्रति लापरवाही बीमारी का कारण बन सकती है। यह कहना है श्रीनगर गढ़वाल की होम्योपैथिक फिजीशियन डा0 स्वाती सेमवाल का।
हमारे संवाददाता हरीश भट्ट से बात करते हुए उन्होंने कहा कि कोरोना काल में बदलते मौसम में स्वास्थ्य के प्रति लापरवाही भारी पड़ सकती है, इसलिए बीमारी के लक्षण दिखने पर तुरंत अस्पताल अथवा स्वास्थ्य केन्द्र पर चिकित्सक से संपर्क करें। उन्होंने बताया कि इन दिनों सर्दी, जुकाम और बुखार के रोजाना करीब सौ मरीज अस्पताल व स्वास्थ्य केन्द्रों पर आ रहे हैं। बदलता मौसम दमा, ब्लड प्रेशर, ह्रदय रोगियों के लिए सबसे ज्यादा खतरनाक होता है। इस समय कोरोना संक्रमण का डर भी बना हुआ है। ऐसे में हमें बीमारियों से बचने के लिए अपनी सेहत के प्रति सचेत रहना होगा। बच्चों और बुजुर्गों का विशेष ध्यान रखना चाहिए। डा0 स्वाती का कहना है कि बढ़ती ठंड में बच्चों का ख्याल रखने की हिदायत देते हुए डॉ. सिंह ने कहा रोग प्रतिरोधक क्षमता कम होने की वजह से बच्चों के ठंड की चपेट में आने की आशंका अधिक होती है। इससे बचने के लिए बच्चों को गर्म पानी पिलाएं, गर्म कपड़े पहनाकर ही बाहर भेजें। डा0 स्वाती का कहना है कि बदलते मौसम में स्वास्थ्य समस्याएं पैदा होने लगती हैं। ऐसे में जब कोविड 19 का संक्रमण फैल रहा है तब सर्दी, जुकाम, खांसी, अस्थमा जैसी बीमारियों को नजर अंदाज नहीं करना चाहिए। किसी भी बीमारी के लक्षण आने पर तुरंत चिकित्सक की सलाह लेनी चाहिए। उन्होंने सभी को अपने स्वास्थ्य के प्रति सजग रहने की सलाह दी।
बीमारियों से बचाव के लिए निम्न उपाय करें:-
– सुबह व रात की ठंड से बचें।
– गर्म कपड़े पहनें।
– गर्म पानी पिएं और गर्म भोजन का सेवन करें।
– ठंडी चीजों का इस्तेमाल का न करें।
– सर्दी-जुकाम होने पर चिकित्सक की सलाह लें।
– हमेशा मास्क लगा कर निकलें।
यदि उपरोक्त सभी बातों को ध्यान रखा जाए तो काफी हद तक इस मौसम में होने वाली बिमारियों से बचा जा सकता है।



