Skip to content

RNS INDIA NEWS

आपकी विश्वसनीय समाचार सेवा

Primary Menu
  • मुखपृष्ठ
  • अंतरराष्ट्रीय
  • राष्ट्रीय
  • राज्य
    • उत्तराखंड
      • अल्मोड़ा
      • उत्तरकाशी
      • ऊधम सिंह नगर
      • बागेश्वर
      • चम्पावत
      • नैनीताल
      • पिथौरागढ़
      • चमोली
      • देहरादून
      • पौड़ी
      • टिहरी
      • रुद्रप्रयाग
      • हरिद्वार
    • अरुणाचल
    • आंध्र प्रदेश
    • उत्तर प्रदेश
    • गुजरात
    • छत्तीसगढ़
    • हिमाचल प्रदेश
      • शिमला
      • सोलन
    • दिल्ली
    • बिहार
    • मध्य प्रदेश
    • मणिपुर
    • राजस्थान
    • त्रिपुरा
  • अर्थ जगत
    • बाजार
  • खेल
  • विविध
    • संस्कृति
    • न्यायालय
    • रहन-सहन
    • मनोरंजन
      • बॉलीवुड
  • Contact Us
  • About Us
  • PRIVACY POLICY
Light/Dark Button
Watch
  • Home
  • राष्ट्रीय
  • अनिल देशमुख मामला: सीबीआई ही करेगी जांच, महाराष्ट्र सरकार को सुप्रीम कोर्ट से झटका
  • राष्ट्रीय

अनिल देशमुख मामला: सीबीआई ही करेगी जांच, महाराष्ट्र सरकार को सुप्रीम कोर्ट से झटका

RNS INDIA NEWS 02/04/2022
rns featured image new

मुंबई (आरएनएस)।  महाराष्ट्र के पूर्व गृहमंत्री अनिल देशमुख की जांच के मामले में राज्य सरकार को झटका लगा है। आज सुप्रीम कोर्ट ने महाराष्ट्र सरकार की जांच को ट्रांसफर करने के अनुरोध को खारिज कर दिया और कहा कि हम इस मामले को छुएंगे भी नहीं। राज्य सरकार ने शीर्ष न्यायालय से मामले की जांच को सीबीआई से लेकर कोर्ट की निगरानी में एसआईटी को सौंपने की मांग की थी।
महाराष्ट्र सरकार ने याचिका दायर की थी। इसमें कहा गया था कि सीबीआई की जांच पक्षपातपूर्ण हो सकती है, क्योंकि राज्य के पूर्व पुलिस प्रमुख सुबोध कुमार जयसवाल जांच एजेंसी की कमान संभाल रहे हैं। खास बात है कि राज्य सरकार केंद्र पर सीबीआई जैसी केंद्रीय एजेंसी के दुरुपयोग कर मंत्रियों को निशाना बनाने के आरोप लगा चुकी है।

महाराष्ट्र सरकार का कहना है कि जयसवाल पुलिस बोर्ड का हिस्सा थे और तबादलों और नियुक्तियों की निगरानी करते थे। साथ ही राज्य ने कहा कि अगर जयसवाल संभावित आरोपी नहीं हैं, तो उन्हें गवाह होना चाहिए। राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी के वरिष्ठ नेता देशमुख पर आरोप हैं कि उन्होंने राज्य के गृहमंत्री पद पर रहते हुए पुलिस तबादलों और नियुक्तियों में घूसखोरी की है।

24 अप्रैल 2021 को सीबीआई ने देशमुख और अन्य लोगों के खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम की धारा 7 और आईपीसी की धारा 120बी के तहत मामला दर्ज किया था। इसके बाद बॉम्बे हाईकोर्ट ने शुरुआती जांच के आदेश दिए थे। राज्य सरकार ने पुलिस अधिकारियों के ट्रांसफर और पोस्टिंग के संबंध में दर्ज एफआईआर के कुछ हिस्सों को चुनौती दी थी। हालांकि, इसका कोई खास परिणाम नहीं निकला। सरकार ने बॉम्बे हाईकोर्ट का रुख किया और एसआईटी जांच की मांग की। तब कुछ समय के लिए सीबीआई जांच पर रोक लगी, लेकिन हाईकोर्ट ने बाद में याचिका खारिज कर दी थी।

शेयर करें..

Post navigation

Previous: अरुणाचल और नागालैंड के कुछ जिले 6 माह के लिए अशांत क्षेत्र घोषित
Next: कश्मीरी पंडितों के कातिल बिट्टा कराटे का केस 31 साल बाद फिर खुला, कोर्ट में 16 अप्रैल को होगी सुनवाई

Related Post

rns featured image new
  • राष्ट्रीय

सीजेआई ने पांच नए जजों को दिलाई शपथ, सुप्रीम कोर्ट में न्यायाधीशों की संख्या हुई 37

RNS INDIA NEWS 02/06/2026 0
rns featured image new
  • राष्ट्रीय

पश्चिम बंगाल सरकार की बड़ी घोषणाएं; महिलाओं को हर महीने मिलेंगे 3 हजार रुपये, पांच रुपये में मछली-चावल

RNS INDIA NEWS 27/05/2026 0
rns featured image new
  • राष्ट्रीय

सनकी पति ने पत्नी और 3 मासूम बच्चों को उतारा मौत के घाट, खुद को भी किया लहूलुहान; हैरान कर देगी वजह

RNS INDIA NEWS 19/05/2026 0

यहाँ खोजें

Quick Links

  • About Us
  • Contact Us
  • PRIVACY POLICY

ताजा खबर

  • ‘खेत बचाओ अभियान’ के तहत छह गांवों में पहुंचे वैज्ञानिक, किसानों को दी आधुनिक खेती की जानकारी
  • आयुक्त ने अस्पताल का औचक निरीक्षण कर मरीजों का हाल जाना
  • हरिद्वार में अब संस्कृत में भी दिखेंगे सरकारी बोर्ड
  • बागेश्वर डीएम ने कमिश्नर को योजनाओं की प्रगति से कराया अवगत
  • किशोरी का अपहरण कर दुष्कर्म का आरोपी गिरफ्तार
  • म्यूंडा गांव में खड्ड के उफान से तबाही, खेत, रास्ते और छानियों को भारी नुकसान
Copyright © rnsindianews.com | MoreNews by AF themes.